Samastipur News: पूसा : डॉ. राजेन्द्र प्रसाद केन्द्रीय कृषि विश्वविद्यालय के अधीनस्थ कृषि विज्ञान केन्द्र बिरौली के तत्वावधान में पूसा प्रखंड के दीघरा में जलवायु अनुकूल खेती परियोजना के अंतर्गत रबी फसलों में समसामयिक कृषि कार्य विषयक प्रशिक्षण आयोजित किया गया. केवीके बिरौली के हेड डॉ आरके तिवारी ने बदलते मौसम की चुनौतियों से निपटने के लिए किसानों को जलवायु अनुकूल कृषि अपनाने के लिए प्रेरित किया. कहा कि यह एक ऐसा एकीकृत दृष्टिकोण है जो बदलती जलवायु के बीच कृषि उत्पादकता और खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करता है. इसका उद्देश्य उत्पादकता बढ़ाकर, जलवायु परिवर्तन के अनुकूलन और ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन को कम करके, टिकाऊ खेती को बढ़ावा देना है. इसमें मृदा संरक्षण, कुशल जल प्रबंधन और फसल विविधीकरण प्रमुख हैं. वहीं उद्यान विशेषज्ञ डॉ. धीरु कुमार तिवारी ने सब्जियों में समेकित पोषक तत्व प्रबंधन व विशेषज्ञ सुमित कुमार सिंह ने फसलों व सब्जियों में समेकित कीट एवं रोग प्रबंधन पर तकनीकी जानकारी साझा की. शुभम भगत और सत्येन्द्र कुमार सहित 50 से अधिक किसानों की सक्रिय भागीदारी के साथ संपन्न हुए इस कार्यक्रम में आधुनिक कृषि पद्धतियों के माध्यम से पैदावार बढ़ाने पर बल दिया गया. वैज्ञानिकों एवं किसानों के द्वारा जलवायु अनुकूल खेती कर रहे किसानों के प्रक्षेत्र पर भ्रमण करके शून्य जुताई विधि से लगे गेहूं की फसल का अवलोकन भी किया गया.
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