मोरवा . प्रखंड के ऐतिहासिक खुदनेश्वर धाम में नये साल के अवसर पर आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा. यहां खुदनी बीवी की मजार और शिवलिंग पर एक साथ पूजा के लिए दूर-दराज और अन्य जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे थे. मंदिर प्रबंधन कमेटी के अध्यक्ष इंद्रदेव शर्मा ने बताया कि गुरुवार सुबह चार बजे से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी थी. भीड़ को नियंत्रित करने के लिए स्वयंसेवकों की मदद लेनी पड़ी. हर साल यहां भक्तों की संख्या में उत्तरोत्तर वृद्धि हो रही है. पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने मंदिर परिसर में ही नये साल का जश्न मनाया. मंदिर के बाहर मेले जैसा नजारा था, जहां खेल-तमाशे वालों ने लोगों का मनोरंजन किया. बच्चों ने मेले का खूब आनंद लिया. भीषण ठंड के बावजूद लोगों में उत्साह बना रहा. मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया था. झिलमिल करती रोशनी और मंदिर से निकल रहे ””भोले बाबा की जय”” के जयघोष से पूरा क्षेत्र गुंजायमान हो रहा था. खुदनेश्वर धाम की प्रसिद्धि और आस्था इतनी व्यापक है कि यहां हर वर्ग के लोग शीश झुकाने आते हैं. यह मंदिर दुनिया में अपनी तरह का अनूठा है, जहां एक ही छत के नीचे शिवलिंग और मजार की पूजा एक साथ होती है. यहां एक-दूसरे की पूजा के बिना आराधना अधूरी मानी जाती है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
