शिवाजीनगर. प्रखंड के बल्लीपुर गांव में सरकार द्वारा हर घर को पानी देने के वादे पर पानी फिर गया है. लगभग 12 हजार की जनसंख्या वाले इस गांव में ग्रामीण पेय जल योजना के तहत लाखों रु पये की लागत से पानी टंकी का निर्माण कार्य शुरु कराया गया. घर घर टंकी भी लगायी गयी. बिजली के अभाव मंे संचालन के लिये लाखों रु पये का सौर ऊर्जा प्लेट लगाया गया. लेकिन विभाग के ठेकेदार पानी टंकी के छह स्तंभ अधूरा बना कर छोड़ दिये. तब से ले अब तक इस भवन में ताला लटका हुआ है. गांव के लोगों को स्वच्छ पानी नहीं मिलने से आयरनयुक्त पानी पीने की मजबूरी बनी हुई है. जिससे लोगों में आये दिन कई तरह की बीमारियां हो रही है. लोगो ने कई बार विधायक से ले सांसद और विभागीय पदाधिकारी से इस योजना को चालू करने की मांग की, लेकिन अब तक इस समस्या को देखने कोई मुलाजिम नहीं पहुचे. पंचायत पूर्व मुखिया सह वर्तमान मुखिया के पति राकेश कुमार महतो ने बताया कि 1980 में भी जलापूर्ति योजना से नलकूप दिया गया था. लेकिन वह भी व्यवस्था के कारण सब कुछ नष्ट हो गया. इसकी भी हालत वैसी ही होती जा रही है.
पेयजल उपलब्ध कराने के वायदे पर फिरा पानी
शिवाजीनगर. प्रखंड के बल्लीपुर गांव में सरकार द्वारा हर घर को पानी देने के वादे पर पानी फिर गया है. लगभग 12 हजार की जनसंख्या वाले इस गांव में ग्रामीण पेय जल योजना के तहत लाखों रु पये की लागत से पानी टंकी का निर्माण कार्य शुरु कराया गया. घर घर टंकी भी लगायी गयी. […]
