समस्तीपुर : सदर अस्पताल के इमरजेंसी को दुरुस्त करने की कवायद तेज कर दी गयी है. बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराने की दिशा में कार्रवाई की शुरू कर दी गयी है. रोगी कल्याण समिति की बैठक में लिए गये फैसले के अगले ही दिन से इस दिशा में कार्य शुरू कर दिया गया है. नये स्वास्थ्य प्रबंधक के द्वारा इमरजेंसी की स्थिति को ठीक करने की कवायद की जा रही है. इसके तहत पीले बल्ब को हटाकर ट्यूब लाइट लगाये जा रहे हैं. वहीं पुराने जर्जर हो चुके पंखे को हटाकर वहां पर नये पंखे लगाये जा रहे हैं.
इमरजेंसी को दुरुस्त करने की कवायद
समस्तीपुर : सदर अस्पताल के इमरजेंसी को दुरुस्त करने की कवायद तेज कर दी गयी है. बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराने की दिशा में कार्रवाई की शुरू कर दी गयी है. रोगी कल्याण समिति की बैठक में लिए गये फैसले के अगले ही दिन से इस दिशा में कार्य शुरू कर दिया गया है. नये स्वास्थ्य […]

डॉक्टरों एवं कर्मियों के साथ साथ मरीज एवं उनके परिजनों को पीने का पानी की व्यवस्था नहीं थी. इसको देखते हुए आरओ लगाने की दिशा में भी कार्रवाई प्रारंभ कर दी गयी है. इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों एवं कर्मियों से उनकी परेशानियों एवं जरूरतों को पूछा जा रहा है. उसके मुताबिक काम किया जा रहा है. बताया जाता है कि इमरजेंसी में कई माह से ब्लड प्रेशर जांच मशीन खराब पड़ा हुआ है. इमरजेंसी के डॉक्टर खुद अपने घर से बीपी जांच मशीन लाते हैं और मरीजों की बीपी की जांच करते हैं.
घटिया किस्म के पहले से खरीदे गये बीपी मशीन अब कोई काम का नहीं रह गया है. इसको बदलने को लेकर डॉक्टरों ने स्वास्थ्य प्रबंधक से कहा. स्वास्थ्य प्रबंधक ने नया बीपी मशीन तुरंत उपलब्ध कराने की बात कही है. वहीं इमरजेंसी में डेरीफाइलिंग, डेक्सोना जैसी दवाइयों का घोर अभाव है. कई डॉक्टरों ने नये स्वास्थ्य प्रबंधक से कहा कि इसके बगैर काम नहीं चल सकता है. दिन में तो बाहर से खरीद कर मंगलवा लेते हैं पर रात में दिक्कत होती है. क्या तो खूद घर से लाना पड़ता है या फिर इसके बगैर इलाज किया जाता है. सबसे ज्यादा दिक्कत लावारिश मरीज के इलाज के दौरान होता है. इस स्थिति में डॉक्टरों को काफी परेशानी होती है. इमरजेंसी वार्ड में जो शौचालय है उसका दरवाजा टूटा हुआ है. नल भी खराब है. इसके कारण मरीज एवं उनके परिजनों को दिक्कतें होती है. बताया जाता है कि डॉक्टरों एवं कर्मियों के सुझाव पर इन चीजों को दुरूस्त करने की कवायद नये स्वास्थ्य प्रबंधक चंदन कुमार के द्वारा शुरू कर दी गयी है. इससे उम्मीद की जा रही है कि अगले कुछ दिनों में सदर अस्पताल के इमरजेंसी की स्थिति में सुधार दिखेगा.
सदर अस्पताल
नये स्वास्थ्य प्रबंधक ने कार्यभार संभालते ही किया बुनियादी बदलाव
बदले गये बल्ब और पंखे, पीने की पानी की होगी व्यवस्था
शौचालय की स्थिति को बेहतर करने की कोशिश