लापरवाही. आज सावन की तीसरी सोमवारी, मटेश्वर में जल चढ़ायेंगे हजारों श्रद्धालु
सिमरी : सावन मास की तीसरी सोमवारी यानि आज बलवा हाट स्थित बाबा मटेश्वर धाम में हजारों शिव भक्त जलार्पण करेंगे. वहीं एक दिन पूर्व रविवार को भक्तिमय माहौल में हजारों श्रद्धालु विभिन्न ट्रेनों द्वारा बोलबम के जयघोष के साथ मुंगेर के छर्रा पट्टी के लिए रवाना हुए और दोपहरबाद सभी शिवभक्त छर्रा पट्टी से जलभर कर खगड़िया, मानसी, बदला घाट, धमारा होकर पैदल बलवा हाट स्थित बाबा मटेश्वर धाम में जलाभिषेक के लिए चल पड़े. इधर सावन की सोमवारी को लेकर सिमरी बख्तियारपुर सहित सलखुआ व सोनवर्षा कचहरी आदि मार्केट दिनभर बमों से गुलजार दिखा.
हाउसफुल गयी सभी ट्रेनें
सावन की तीसरी सोमवारी को लेकर रविवार को दिन भर पूर्व मध्य रेलवे अंतर्गत सहरसा-मानसी रेलखंड के सोनवर्षा कचहरी, सिमरी बख्तियारपुर, कोपड़िया, धमारा घाट स्टेशन पर मुंगेर जाने वाले भक्तों का तांता लगा रहा. सुबह छह बजे से लेकर दोपहर एक बजे तक रेलखंड के सभी स्टेशन कांवरियों से फूल दिखे. वहीं सबसे ज्यादा भीड़ सिमरी बख्तियारपुर स्टेशन पर देखने को मिली. सुबह नौ बजे से लेकर एक बजे के लगभग तक पूरा स्टेशन परिसर केसरिया रंग से लिपटे कांवरियों से भरा दिखा. स्थिति यह थी कि स्टेशन पर पैर रखने की जगह तक नहीं थी. वहीं कांवरियों की संख्या ज्यादा होने की वजह से सभी ट्रेनें फूल ही गयी.
कांवरियों के इंजन से उतरने के बाद खुली ट्रेन
रविवार को सुबह सवेरे से लेकर दोपहर तक सिमरी बख्तियारपुर स्टेशन पर कांवरियों को कंट्रोल करने में रेल पुलिस व स्थानीय पुलिस के पसीने छूट गये. वैसे तो रविवार दिनभर मानसी की ओर जाने वाली सभी ट्रेने फूल गयी. लेकिन कांवरियों की सबसे ज्यादा भीड़ 55567 सहरसा-समस्तीपुर पैसेंजर में देखने को मिली. इस ट्रेन के सिमरी बख्तियारपुर पहुंचते ही कांवरियों की भीड़ ट्रेन में चढ़ने के लिए आतुर हो उठी. जिसे जहां जगह मिली बैठ गये. वहीं रेल डिब्बे फूल हो जाने के बाद कांवरिये इंजन और दो डिब्बों के बीच जान हथेली पर लेकर चढ़े दिखे. इधर इंजन पर चढ़े कांवरियों को उतरने के लिए ट्रेन ड्राइवर खूब मिन्नते करते दिखे.
लेकिन कांवरिये जोश से भरपूर कुछ सुनने को तैयार नहीं दिखे. जिसके बाद रेल ड्राइवर ने अपनी परेशानी स्टेशन कार्यालय और स्टेशन पर मौजूद आरपीएफ को बतायी. जिसके बाद स्टेशन कार्यालय से इंजन और डिब्बे की छत पर से कांवरियो को उतरने अन्यथा ट्रेन आगे ना बढाये जाने की बात कही गयी. लेकिन फिर भी कांवरिये इंजन और छत से नहीं उतरे.
जिसके बाद आरपीएफ इंस्पेक्टर अर्जुन प्रसाद के निर्देश पर आरपीएफ जवान और स्थानीय पुलिस ने काफी मुश्किलों के बाद इंजन पर से कांवरियो को उतरवाया. इस दौरान ट्रेन लगभग पच्चीस मिनट तक स्टेशन पर खड़ी रही. वहीं ट्रेनों में बढ़ती भीड़ पर आरपीएफ इंस्पेक्टर ने कहा कि रेलमंडल से पुलिस बल की मांग की गयी है, कांवरियों से निवेदन है कि इंजन पर चढ़ कर यात्रा न करे.
