चापाकलों से पानी लेने के लिए होती है तू-तू, मैं-मैं

क्या कहते हैं लोग रमजान शुरू है. शाम में इफ्तार व सुबह में सेहरी के वक्त बिजली व पानी की आवश्यकता होती है. लेकिन, न बिजली ही मिल रही है और न पानी ही मिल रहा है. इससे काफी परेशानी हो रही है. दूर से पानी लाना पड़ रहा है. वारिस हसन, छोआ शेखपुरा भीषण […]

क्या कहते हैं लोग
रमजान शुरू है. शाम में इफ्तार व सुबह में सेहरी के वक्त बिजली व पानी की आवश्यकता होती है. लेकिन, न बिजली ही मिल रही है और न पानी ही मिल रहा है. इससे काफी परेशानी हो रही है. दूर से पानी लाना पड़ रहा है.
वारिस हसन, छोआ शेखपुरा
भीषण गरमी पड़ रही है. अनियमित बिजली के कारण मोटर भी नहीं चल पा रहा है. इससे पानी की किल्ल्त हो गयी है. चापाकलों से भी पानी नहीं निकल रहा है. बिजली नहीं रहने के कारण पानी की आपूर्ति भी नहीं की जा रही है.
शब्बीर हसन, शाहजुमा
विगत कई दिनों से शहर में जलापूर्ति सही से नहीं की जा रही है. स्नान आदि, तो दूर खाना बनाने व पीने के लिए भी पानी नहीं मिल पा रहा है.
संजय तिवारी, नवरत्न बाजार
सलिम भाइयों का पाक महीना चल रहा है. कुछ दिन पूर्व शहीदी पर्व भी था. पर्व-त्योहारों में बिजली कटौती के कारण पेयजल की समस्या उत्पन्न हो जाती है. घरेलू जरूरतों व पीने के लिए पानी खरीद कर पीना पड़ रहा है. सबसे अधिक परेशानी महिलाओं और छोटे बच्चों को हो रही है.
सरदार अमित सिंह बिट्टू, जानी बाजार
कहते हैं अधिकारी
बिजली विभाग के शहरी एसडीओ विकास कुमार ने बताया कि शहर में करीब 22 घंटे बिजली आपूर्ति की जा रही है. वहीं, पीएचइडी विभाग के कनीय अभियंता उमेश कुमार सिंह ने बताया कि बिजली आपूर्ति नहीं होने के कारण जलापूर्ति बाधित हो रही है.

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