सासाराम कार्यालय : सासाराम नगर पर्षद के कार्यपालक पदाधिकारी (इआे) मनीष कुमार अपने कार्यालय में ही असुरक्षित महसूस कर रहे हैं. उन्होंने नगर विकास के प्रधान सचिव को पत्र लिख कर सुरक्षा की गुहार लगायी है. कार्यपालक पदाधिकारी ने इस संबंध में डीएम अनिमेष कुमार पराशर व एसपी मानवजीत सिंह ढिल्लों को भी पत्र लिखा है.
उन्होंने पत्र में बताया है कि उनको पुलिस सुरक्षा उपलब्ध करायी जाये. क्योंकि, कार्यालय में सुरक्षा व्यवस्था न होने के कारण वह कार्य सुचारू रूप से नहीं कर पा रहे हैं. गौरतलब है कि मनीष कुमार कुछ महीने पहले ही सासाराम योगदान किये हैं. उन्होंने इस दौरान कई फर्जीवाड़े का खुलासा भी किया है. खुलासे के साथ-साथ संबंधित आरोपितों पर प्राथिमकी भी दर्ज करायी है. अभी हाल ही में उन्होंने फर्जी योजना में एक करोड़ तैतीस लाख रुपये के फर्जीवाड़े का खुलासा किया था.
जिसमें डूडा के इंजीनियर के फर्जी हस्ताक्षर बना कर योजना का वर्क वार्डर लेने का प्रयास किया गया था. जिसे समय रहते ही नगर पंचायत कार्यपालक पदाधिकारी ने पकड़ लिया था.
फर्जीवाड़ा करनेवाले स्थापना सह योजना सहायक मामला दर्ज कराया था. वहीं एक अन्य फर्जीवाड़े की जांच भी उनके द्वारा करायी गयी है, जिसमें कार्यपालक अभियंता जिला शहरी अभिकरण डूडा का हस्ताक्षर फर्जी पाया गया है. यह फर्जीवाड़ा मापी पुस्तिका तक पहुंच गयी थी. प्रदेश सरकार के नगर विकास विभाग द्वारा पांच फरवरी को इस संबंध में डीएम व एसपी को सुरक्षा उपलब्ध कराने से संबंधित पत्र भेजा गया है. इसमें उन्होंने मनीष कुमार द्वारा 9 जनवरी को भेजे गये पत्र का हवाला दिया है.
जिस पत्र में उन्होंने अपनी सुरक्षा की मांग की थी. इस संबंध में डीएम अनिमेष कुमार पराशर से बात करने की कोशिश की गयी, लेकिन उनसे बात नही हो सकी. जबकि, उनके ओएसडी ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि इस तरह की जानकारी उन्हें नहीं है.
