सदर अस्पताल में एक सप्ताह में तीन हजार मरीज पहुंचे
सासाराम ऑफिस : ठंड ने धीरे-धीरे अपनी रफ्तार पकड़ ली है. सुबह-शाम अलग-अलग मौसम के कारण बीमार लोगों की संख्या बढ़ रही है. फिलहाल सासाराम में लगभग 200 से अधिक मरीज कोल्ड डायरिया की चपेट में है. जानकारी के अनुसार, कोल्ड डायरिया के सबसे ज्यादा मामले शुरुआती ठंड में होते है. इस दौरान बरती गयी लापरवाही मांसपेशियों को नुकसान पहुंचाती है.
संक्रमण के कारण उल्टी-दस्त शुरू हो जाती है. कोल्ड डायरिया सामान्य डायरिया की तरह ही है. इसमें मरीजों को सर्दी जुकाम के साथ बुखार होता है. इसके बाद मरीज रोट्रो व नोरो वायरस की चपेट में आकर उल्टी-दस्त के शिकार हो जाते हैं.
अगर आंकड़ों की बात करें तो विगत एक सप्ताह में सदर अस्पताल परिसर में लगभग तीन हजार मरीज इलाज कराने आये. 28 दिसंबर को 462, 29 को 396, 30 को 404, एक जनवरी को 126, दो को 708, तीन को 587 व चार जनवरी को 500 मरीज इलाज कराने पहुंचे थे. इसमें करीब दो सौ मरीजों कोल्ड डायरिया का लक्षण पाया गया है.
अस्थि रोग से भी ग्रसित हो रहे लोग
कोल्ड डायरिया के बाद लोग अस्थि रोग से भी ग्रसित हो रहे हैं. इस संबंध में सदर अस्पताल के अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ बीके पुष्कर ने बताया कि ठंड में बच्चों, नौजवानों व वृद्ध को अस्थि दर्द होता है. जोड़ों का दर्द, घुटनों का दर्द भी आम हो जाता है. इससे बचने के लिये लोगों को पूरा कपड़ा पहनना चाहिए.
