12 जनवरी युवा दिवस पर जिले की 245 पंचायतों में होगा पुतला दहन
युवाओं में नकारात्मक सोच में परिवर्तन के लिए जिला प्रशासन कर रहा प्रयास
सासाराम सदर : नशा, बाल-विवाह, गंदगी व दहेज कुप्रथा प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए जिला प्रशासन ने एक और अनोखा कार्यक्रम करने जा रहा है, जो विशेष युवाओं का नकारात्मक सोच में परिवर्तन करने के लिए होगी. 12 जनवरी यानी युवा दिवस के अवसर पर युवाओं को दहेज प्रथा, बाल-विवाह व नशा के खिलाफ जागरूक करने के लिए जिले के 245 पंचायतों में स्थापित सत्याग्रह केंद्रों पर नशा, बाल-विवाह, गंदगी व दहेज के दानव का पुतला दहन होगा. ये सभी पुतले दानव रूपी बड़े आकार में होंगे. पुतला दहन देखते ही लोगों को बुराई पर अच्छाई की जीत दर्शाने वाले दशहरा का रावण-दहन की यादें ताजा हो जायेगी.
इस कार्यक्रम के लिए उक्त तिथि को संध्या में समय निर्धारित किया गया है. इसकी तैयारी को लेकर गुरुवार को शहर के फजलगंज स्थित बहुद्देशीय हॉल में शिक्षा विभाग के अधिकारियों, साक्षरता कर्मियों, जनप्रतिनिधियों, स्वच्छता कर्मियों, प्रेरकों, विकास समन्यवकों, जनप्रतिनिधियों व अन्य का कार्यशाला आयोजित हुआ. इसका उद्घाटन डीएम अनिमेष कुमार पराशर ने किया. उन्होंने कार्यशाला में संबंधित अधिकारियों को कार्यक्रमों के प्रति सक्रिय रहने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि जिले में स्वच्छता के प्रति कोई लापरवाही बर्दास्त नहीं होगी. प्रत्येक अधिकारी को अपनी-अपनी संबंधित कार्यो व जिम्मेदारियों के प्रति सक्रिय रहेंगे. वहीं जिले में समीक्षा यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का आगमन होने वाला है. कार्यक्रम की तैयारी को लेकर हरेक अधिकारी व कर्मी को तत्परता दिखानी होगी.
नौ को मनेगा सत्याग्रह उत्सव : नौ जनवरी को प्रत्येक सत्याग्रह केंद्रों पर सत्याग्रह उत्सव मनाया जायेगा. डीएम ने बताया कि जिले में ओडीएफ कार्यों में तेजी लाने के लिए जिले के सभी 245 पंचायतों में सत्याग्रह केंद्र खोला गया था. इसी सत्याग्रह केंद्र से सत्याग्रही, जनप्रतिनिधि व समाजसेवियों ने ओडीएफ को सफल करने के लिए अपने-अपने संबंधित कार्य किये. ये सत्याग्रह केंद्र नौ जनवरी को स्थापना किया गया था. एक साल पूरे होने पर सत्याग्रह उत्सव मनाया जायेगा. इसमें कई कार्यक्रम आयोजित किये जायेंगे. कार्याशाला में डीआरडीए निदेशक बिनोद कुमार सिंह, एसडीओ अमरेंद्र कुमार सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी, सरकारी व प्राईवेट स्कूल के प्राचार्य आदि उपस्थित थे.
