बीडीसी पर प्राथमिकी पर जनप्रतिनिधि व पदाधिकारियों की हुई बैठक
काराकाट (रोहतास) : प्रखंड मुख्यालय के सामुदायिक भवन में जनप्रतिनिधियों तथा पदाधिकारियों की मैत्रीपूर्ण बैठक हुई. बैठक में प्रखंड के अलावे दूसरे प्रखंडों के जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए. बुढ़वल पंचायत के बीडीसी सुभाष पांडेय पर आईटी कार्यपालक सहायक अजय कुमार द्वारा दर्ज की गयी प्राथमिकी को वापस लेने पर विचार- विमर्श किया गया. बैठक में उपस्थित बीडीओ प्रशांत कुमार, सीओ अनुज कुमार से जनप्रतिनिधियों ने कहा कि थोड़ी-थोड़ी बात पर प्राथमिकी दर्ज हो गयी. अगर ऐसी बात है तो जनप्रतिनिधि को बोल दिया जाये कि प्रखंड पर किसी जनता के कार्य के लिए न आएं. जनप्रतिनिधि पर आप केस करें तो इस तरह से कैसे विकास होगा.
जनता का कार्य कैसे होगा. बीडीसी पर दर्ज प्राथमिकी पर पूछे गये सवाल पर बीडीओ ने आश्वासन दिया कि एक दिन का समय दिया जाये. आईटी कार्यपालक सहायक को समझा- बुझा कर मामला सलटाने की कोशिश की जायेगी. सामाजिक कार्यकर्ता रितेश सिंह ने कहा कि जनप्रतिनिधि तथा सरकारी कर्मी एक दूसरे का अंग है. बिना एक दूसरे के सहयोग से कोई कार्य नहीं होगा. हर जगह जनप्रतिनिधि, अधिकारियों तथा कर्मियों को सहयोग दिया गया है.
पूर्व मुखिया गोपेश प्रसाद ने कहा कि प्रखंड के अधिकारी बीडीओ है. कम- से- कम जनप्रतिनिधियों से सलाह लेकर कदम उठाना चाहिए. केस समस्या का समाधान नहीं है. आपस में मिलकर प्रखंड के क्षेत्रों का विकास की पहल करनी चाहिए. जिला पार्षद मुन्ना यादव ने कहा कि बीडीओ साहब आप की अनुशंसा पर प्राथमिकी दर्ज हुई है. मनोज तिवारी ने आय, जाति, निवास, राशन कार्ड में आनेवाली समस्याओं का समाधान करने की बात रखी. जनप्रतिनिधियों ने कहा कि अगर दर्ज प्राथमिकी वापस नहीं होगा,
तो जनप्रतिनिधि भी किसी तरह का फैसला लेने से नहीं चूकेंगे. बैठक में बिक्रमगंज प्रखंड प्रमुख राकेश कुमार उर्फ लाली यादव, प्रखंड प्रमुख शीला देवी, उपप्रमुख निशा भारती, मुखिया संघ प्रखंड अध्यक्ष विनोद सिंह, बीरेंद्र सिंह, सूरत सिंह यादव, मनोज कुमार साह, अनिल सिंह, बीडीसी संतोष तिवारी, सतीश कुमार, राघवेंद्र सिंह, अजय साह, सीमा देवी के अलावे कई ने आरटीपीएस की कार्य प्रणाली, शौचालय राशि नहीं भेजने तथा प्रखंड की कुव्यवस्था पर सवाल खड़े किया.
