1. home Hindi News
  2. state
  3. bihar
  4. purnea
  5. fir on police in purnea in a controversy of advocate family matter and search warrant issue skt

पति-पत्नी विवाद में बिना सर्च वारंट ही वकील के घर घुस गयी बिहार पुलिस, 8 पुलिसकर्मियों पर केस दर्ज

बिहार के पुर्णिया में एक वकील के घर बिना सर्च वारंट के घुसना और उनसे मरपीट करना आधा दर्जन से अधिक पुलिसकर्मियों को भारी पड़ गया. पति-पत्नी के विवाद में कार्रवाई कर रही पुलिस की टीम के खिलाफ ही अब केस दर्ज किया गया है.

By Prabhat khabar Digital
Updated Date
8 पुलिसकर्मियों पर केस दर्ज
8 पुलिसकर्मियों पर केस दर्ज
सांकेतिक फोटो

Bihar News: बगैर सर्च वारंट के एक वकील के घर छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर जेल भेजना पुलिस वालों को काफी महंगा पड़ा. इस मामले में पुर्णिया में दायर अभियोग पत्र पर कोर्ट ने आठ दारोगा के खिलाफ संज्ञान लिया है. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक आरोपित पुलिसकर्मियों के ऊपर केस दर्ज करने का आदेश कोर्ट ने दिया है. मामला पति-पत्नी के घरेलू विवाद से जुड़ा है. जिसमें पुलिस पर आरोप है कि बिना सर्च वारंट के घर में घुसकर मारपीट की गयी है.

इन पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज

मजिस्ट्रेट ने जिन दारोगा के खिलाफ संज्ञान लिया गया उनमें मुफस्सिल थानाध्यक्ष संजय कुमार सिंह, मरंगा थानाध्यक्ष मिथिलेश कुमार, बायसी थानाध्यक्ष सह प्रशिक्षु डीएसपी आनंद मोहन गुप्ता, किशनगंज की महिला थानाध्यक्ष पुष्पलता कुमारी, सहायक खजांची थाना के अवर निरीक्षक सुबोध चौधरी, प्रेमशंकर सिंह, अब्दुल मन्नान एवं गुलाम सरवर शामिल हैं. यह जानकारी शनिवार को अभियोगी पक्ष के अधिवक्ता गौतम वर्मा ने दी.

अधिवक्ता शहिदुल हक से जुड़ा मामला

अधिवक्ता गौतम वर्मा ने बताया कि यह मामला सहायक खजांची थाना क्षेत्र के माधोपाड़ा में व्यवहार न्यायालय के अधिवक्ता शहिदुल हक से जुड़ा है. उन्होंने बताया कि व्यवहार न्यायालय के प्रथम श्रेणी के दंडाधिकारी विजय कुमार ने अभियोग पत्र संख्या 714/2021 मामले में भादवि की धारा 149, 323, 325, 354(बी), 426, 504, 506 आइपीसी के तहत संज्ञान लिया गया है. मुकदमे की अगली तिथि 21 मई को है. इनमें भादवि की धारा 354 बी और 426 गैरजमानतीय है.

आठ दारोगा के खिलाफ कार्रवाई

अधिवक्ता ने बताया कि इस मामले में पूर्णिया बार एसोसिएशन की ओर से एसपी एवं आइजी को आवेदन देकर तमाम दोषी पुलिस पदाधिकारियों पर विभागीय कार्रवाई का निवेदन किया गया था. लेकिन इसपर कोई कार्रवाई नहीं किये जाने पर बार काउंसिल पटना से मामले पर कार्रवाई की गुहार लगायी गयी थी. बार काउंसिल की टीम ने पूर्णिया आकर के वरीय अधिकारी से कार्रवाई का निवेदन किया था. बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर कोर्ट में मामले को लेकर अभियोग पत्र दायर किया गया. दायर अभियोग पत्र पर तमाम गवाहों की गवाही कोर्ट में हुई. गवाही के बाद कोर्ट ने आठ दारोगा के खिलाफ शनिवार को संज्ञान लिया है.

क्या है पूरा मामला

बता दें कि पीड़ित वकील शाहिदुल हक ने आरोप लगाया है कि उनकी पत्नी ने उनके खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज कराया. जिसके बाद 17 जुलाई 2021 को किशनगंज की महिला थाना प्रभारी ने बिना सर्च वारंट ही पीड़ित वकील के पुर्णिया स्थित आवास में घुसीं और उनसे मारपीट व बदतमीजी पुलिस ने की. आरोप है कि सर्च वारंट मांगने पर मारपीट की गयी. रात में कई थाना की पुलिस घर घुसी और परिवार के सदस्यों के साथ भी मारपीट कर उन्हें थाने ले आया गया. बाद में कोर्ट ने उन्हें बरी कर दिया.

Posted By: Thakur Shaktilochan

Share Via :
Published Date

संबंधित खबरें

अन्य खबरें