Bihar Election: बिहार चुनाव में इस बार एयर एंबुलेंस की सुविधा, स्वास्थ्य विभाग ने कसी कमर

Bihar Election: बिहार में साल 2025 के आखिर में विधानसभा का चुनाव होने वाला है. चुनाव को लेकर तैयारियां जोर-शोर से की जा रही है. ऐसे में चुनाव से पहले स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है. दरअसल, इस बार चुनाव में एयर एंबुलेंस और एयर ड्रॉपिंग की सुविधा होगी.

By Preeti Dayal | May 6, 2025 8:12 AM

Bihar Election: बिहार में इसी साल के अंत में विधानसभा का चुनाव होने वाला है, जिसको लेकर तैयारियां जोर-शोर से की जा रही है. तमाम राजनीतिक नेताओं की ओर से सक्रीयता बढ़ी हुई है. ऐसे में अब स्वास्थ्य विभाग ने भी कमर कस ली है. दरअसल, इस बार चुनाव के दौरान यानी कि जितने भी चरण में मतदान होंगे, उस वक्त एयर एंबुलेंस और एयर ड्रॉपिंग की सुविधा होगी. इसे लेकर अलग-अलग विभागों को जिम्मेदारी सौंप दी गई है. 

अमृतलाल मीणा ने दिया निर्देश 

बता दें कि, बिहार के मुख्य सचिव अमृतलाल मीणा ने संबंधित विभागों को इसके लिए निविदा एवं अन्य कार्रवाई करने का निर्देश दिया है. एयर एंबुलेंस और एयर ड्रॉपिंग के लिए हेलीकॉप्टर की सुविधा उपलब्ध कराने को लेकर प्रक्रिया शुरू करने का आदेश दे दिया है. अनुमान है कि, अक्टूबर तक चुनाव को लेकर घोषणा कर दी जाएगी. ऐसे में चुनाव से 2 महीने पहले यानी कि जुलाई तक सुविधा दुरुस्त करने का आदेश दिया गया है. 

स्वास्थ्य विभाग उपलब्ध कराएगी सुविधा

खबर की माने तो, स्वास्थ्य विभाग की ओर से एयर एंबुलेंस की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी. इसके लिए स्वास्थ्य विभाग के तहत संचालित राज्य स्वास्थ्य समिति के माध्यम से एयर एंबुलेंस के सेवा प्रदाता कंपनियों से प्रस्ताव आमंत्रित किया जाएगा. वोटिंग के पहले और वोटिंग खत्म होने तक एयर एंबुलेंस की तैनाती रहेगी. इस दौरान बारूदी सुरंगों के विस्फोट या फिर बम विस्फोट की घटना होने पर कोई भी घायल होते हैं तो उन्हें एयर एंबुलेंस के जरिये ही तत्काल अस्पताल ले जाया जायेगा.

एयर ड्रॉपिंग की होगी सुविधा

इसके अलावा आपको यह भी बता दें कि, मंत्रिमंडल समन्वय विभाग के माध्यम से वोटर्स और मतदान सामग्रियों को सुदूर एवं दुर्गम क्षेत्रों में भेजे जाने के लिए एयर ड्रॉपिंग के तहत हेलीकॉप्टर की सेवा उपलब्ध कराई जाएगी. तो वहीं, इन सभी सुविधाओं को उपलब्ध कराने को लेकर राज्य के सभी हवाई अड्डों और हेलीपैड स्थलों की मैपिंग कराई जाएगी. ऐसे में देखना होगा कि, आखिरकार कब तक सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएगी और चुनाव के दौरान आखिरकार क्या कुछ होता है.

Also Read: Folk Band: मिथिला का ‘फोक बैंड’ रसनचौकी, इन पांच वाद्ययंत्रों पर कभी नहीं बजता शोक धुन