आपदा के समय रखा जायेगा िवशेष ख्याल
राज्य में लागू होगी पशु आपदा प्रबंधन योजना, पशुपालन विभाग ने तैयार किया ड्राफ्ट प्लान
पटना : राज्य की बहुत जल्द पशु आपदा प्रबंधन योजना होगी. अब तक राज्य में पशुओं के लिए डिजास्टर मैनेजमेंट प्लान नहीं है. जबकि, राष्ट्रीय स्तर पर इस तरह का प्लान है.
पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग ने इसका ड्राप्ट प्लान तैयार कर लिया है. राज्य के पशुपालन निदेशक विनोद सिंह गुंजियाल ने इस ड्राफ्ट प्लान को कम्फेड के प्रबंध निदेशक सहित मत्स्य व गव्य के निदेशक सहित विभाग के उच्चाधिकारियों को मंतव्य व सुझाव के लिए भेजा है.
15 दिनों में सभी से सुझाव मांगे गये हैं. जिला स्तर पर जिला पशुपालन पदाधिकारी पशु आपदा प्रबंधन योजना के नोडल पदाधिकारी होंगे. पशु आपदा प्रबंधन योजना के ड्राफ्ट प्लान में आपदा के पहले, आपदा के समय और आपदा के बाद पशु. मछली और मुर्गा-मुर्गी के लिए कैसी व्यवस्था हो, इसके बारे में बताया गया है. पशुओं के रहने से लेकर उनके चारे और दाने, उनका इलाज तथा पीने के पानी के बारे में बताया गया है. आपदा के समय पशुओं को कैसे एक जगह से दूसरे जगह पर स्थानांतरित किया जाये, कहां पर रखा जाये इन सब के बारे में विस्तार से जानकारी दी गयी है.
चारा से लेकर पानी तक की होगी व्यवस्था
ड्राफ्ट प्लान में आपदा के पहले और बाद के साथ-साथ आपदा के समय चारा, दाना और पानी की व्यवस्था कैसे होगी. पहले से ही सभी चीजों का स्टाॉक करना होगा. पशुओं का शिविर किस तरह की जगह पर रहना चाहिए. पशुपालकों के आश्रय स्थल से पशुओं का शिविर कितनी दूरी पर रहना चाहिए. शिविर में किस तरह की सुविधा रहे.
इन सब बातों की जानकारी ड्राफ्ट प्लान में दी गयी है. ड्राप्ट प्लान में सभी की भूमिका और काम को भी तय किया गया है. किस अधिकारी के पास किस तरह का काम होगा. पशुपालन निदेशक ने बताया कि ड्राफ्ट प्लान पर सुझाव मिल जाने के बाद कार्यशाला आयोजित की जायेगी. इसके बाद ड्राफ्ट प्लान को अंतिम रूप दिया जायेगा.
