बांकीपुर : बांकीपुर विधानसभा में कई बूथों पर मतदाता वोटर लिस्ट में नाम नहीं होने से परेशान हुए. राजीव नगर के रोड नंबर आठ स्थित आइडियल पब्लिक स्कूल में बने मतदान केंद्र पर कई लोग वोट देने से वंचित रह गये. रोड नंबर 15 इ के रहने वाले अर्जुन कुमार राय ने बताया कि बीएलओ की सूची में मेरा नाम है.
सीरियल नंबर भी है, लेकिन अंदर बताया गया कि पीठासीन अधिकारी के पास जो सूची है उसमें नाम नहीं होने के कारण वोट नहीं दे सकता. रोड नंबर 14 की निवासी रूबी कुमारी ने बताया कि मतदाता सूची में नाम शामिल करवाने के बाद भी सूची में नाम नहीं है. जिसके कारण वह वोट नहीं दे सकी.
40 मिनट देर से शुरू हुआ मतदान : डीएवी राजवंशी नगर मॉडल मतदान केंद्र पर करीब 40 मिनट की देरी से मतदान शुरू हुआ. पेट्रोलिंग मजिस्ट्रेट साकिब अख्तर ने बताया कि इवीएम में कुछ गड़बड़ी हाेने के कारण ऐसी दिक्कत सामने आयी. बिजली विभाग गेस्ट हाउस में बने बूथ पर करीब आठ बजे से वोटिंग शुरू हुई.
यहां पर लोगों की पीठासीन अधिकारियों के बीच नोकझोंक हुई. कालिदास बने बूथ पर सीमा देवी और उनके परिवार के सदस्यों को पर्ची के लिए काफी परेशानी उठानी पड़ी. इसी तरह राजकीय कन्या उच्च विद्यालय (डाकबंगला रोड) में वोट डालने के लिए आये डॉ बीके चौधरी और उनकी पत्नी पूनम चौधरी लगभग एक घंटा तक परेशान रहे.
विदेशी पत्रकार भी लेते रहे जायजा
पटना साहिब और पाटलिपुत्र लोकसभा में आज हुए मतदान का जायजा लेने के लिए विदेशी पत्रकार पटना में थे. लंदन से प्रकाशित द इंडिपेंडेट के एशिया संपादक एडम विथनॉल, जो विशेष कर पटना साहिब लोकसभा चुनाव का कवरेज करने आये थे, उनकी प्रभात खबर संवाददाता से पटना कॉलेज में मुलाकात हुई. वे मतदान प्रक्रिया और मतदाताओं के उत्साह को देख कर हैरान थे.
उन्होंने मतदाताओं से बातचीत कर उनका मिजाज टटोलने का प्रयास किया. हालांकि इस बार पोलिंग एजेंटों में भी उत्साह नहीं दिखा. इसकी मुख्य वजह नेताओं द्वारा उपेक्षा करना माना जा रहा है. पता चला कि एजेंटों को दो सौ रुपये ही मिले थे.
गश खाकर गिरी, वोटिंग कर के ही लौटीं
दरियापुर स्थित पटना कॉलेजियट स्कूल में अपने मताधिकार का प्रयोग करने जा रहीं बिहारी साव लेन की मीना मिश्रा गर्मी की तपिश से गश खाकर गिर गयीं. लगभग 20 मिनट बाद होश आया.
इस दौरान पुलिस मूकदर्शक बनी रही. महिला वोट देने के लिए पति और बेटे के सहारे मतदान केंद्र पहुंची और लोकतंत्र के महाउत्सव में आहूति देकर ही लौटी. पटना साहिब संसदीय क्षेत्र के पटना वीमेंस कॉलेज मतदान केंद्र पर न्यू जक्कनपुर से अपना मतदान करने आयी झुमुर दास बीमारी को भी मात दे रही थी. झुमुर को पार्किंसन रोग है.
वह चलने फिरने में असमर्थ हैं. उनको मत दिलाने के लिए पति वरुण दास साथ आये थे. वहीं गांधी मैदान स्थित सेंट जेवियर स्कूल में जगतनारायण पथ से आये गिरधारी लाल शर्मा अपने बुढ़ापे को मात दे रहे थे. उनके साथ पत्नी मंजूलता शर्मा भी थीं.
सीधे बूथ पर पहुंचे मॉर्निंग वॉकर
बिहार राज्य वित्त निगम (फ्रेजर रोड) परिसर में बने बूथ संख्या 135 में इवीएम में तकनीकी खराबी आने के कारण लगभग 20 मिनट विलंब से मतदान शुरू हुआ. यहां कई वोटर मॉर्निंग वॉक के बाद सीधे बूथ पर पहुंचे. पैर फ्रैक्चर हाेने के बाद भी अजय कुमार वॉकर के सहारे पहुंचे थे.
कालिदास बूथ पर पहला मतदाता बनने का सम्मान प्रभात रंजन वर्मा को मिला. वहीं, 90 वर्षीय शांति देवी चलने में लाचार होने के बाद भी वोट देने पहुंचीं. आइएमए हॉल परिसर में बने बूथ पर आये कई मतदाता सूची में नाम न होने के कारण लौट गये.
