पटना : पथ निर्माण मंत्री नंदकिशोर यादव ने कहा है कि पांच चरणों में संपन्न हुए मतदान में यह साफ तौर पर दिख रहा है कि मतदाताओं का रुझान एनडीए की तरफ है. महिला सशक्तीकरण की दिशा में पांच वर्षों में पीएम नरेंद्र मोदी के कई लाभकारी कार्यों से न सिर्फ महिलाएं गदगद हैं, बल्कि पहली बार मतदान कर रही लड़कियों में नरेंद्र मोदी के पक्ष में मतदान करने का गजब का उत्साह है. उन्होंने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि वह सिर्फ बात बनाती है. करती कुछ नहीं है.
वहीं, कृषि मंत्री डॉ प्रेम कुमार ने कहा कि पूरे देश में भाजपा और नरेंद्र मोदी की लहर है. बिहार में हर जगह एनडीए के उम्मीदवार जीत रहे हैं. अब तक के मतदान के रुझान यह बता रहे हैं कि बिहार के लोगों ने भ्रष्ट्राचार और वंशवाद को उनकी जगह दिखा दी है. राहुल गांधी और उनकी बहन प्रियंका गांधी वाड्रा ने यह मान ही लिया है कि कांग्रेस के उम्मीदवार वोट कटवा हैं.
मतदान के रुझान पर अपना-अपना तर्क
जदयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने ट्वीट कर कहा है कि लोकसभा चुनाव का पांचवां चरण संपन्न हो गया है. पिछले चार चरणों के मतदान के बाद मिले फीडबैक के आधार पर मैं पूरे विश्वाश के साथ कह सकता हूं कि बिहार और देश ने न केवल एनडीए के पक्ष में मन बना लिया है, बल्कि जता भी दिया है. चलिए हम आगे के चरण में भी पूरी ताकत लगाएं.
डॉ अजय आलोक ने ट्वीट कर कहा है कि अरे यशवंत सिन्हा जी आज सच बोलिये. आपने वोट अपने पुत्र को दिया या नहीं. अगर दिया तो आज तक नरेंद्र मोदी को कोस क्यों रहे थे. बुजुर्ग लोग युवाओं को अवसरवादिता की ट्रेनिंग देने में क्यों लगे हुए हैं. वहीं दूसरे ट्वीट में उन्होंने कहा कि पांचवें चरण के मतदान खत्म हो गये और मिल रही जानकारी के आधार पर इस चरण में हमारी मार्जिन विशाल रहेगी.
महागठबंधन की जीत तय : राजद : राजद के प्रदेश प्रवक्ता चितरंजन गगन ने दावा किया है कि सोमवार को हुए मतदान वाले पांच लोकसभा क्षेत्रों में महागठबंधन काफी मजबूत स्थिति में है. सभी लोकसभा सीटों पर महागठबंधन की जीत तय है.
राजद प्रवक्ता ने कहा कि एनडीए नेताओं द्वारा चौथे चरण के मतदान के बाद दिये जा रहे बयानों में जिस प्रकार की भाषा और शब्दों का इस्तेमाल किया जा रहा है उससे उनकी बेचैनी और हताशा की झलक मिल रही थी. इसी वजह से एनडीए के घटक दलों के बीच विवाद बढ़ता जा रहा है. जदयू के अंदर भी बगावत की स्थिति पैदा हो गयी है. जैसे-जैसे चुनाव का चरण पूरा होता जा रहा है, वैसे-वैसे एनडीए नेताओं की बेचैनी बढ़ती जा रही है.
