पटना : निचली अदालतों में न्याय पाने के लिए कैश फॉर जस्टिस प्रकरण में घूस मांगते कोर्ट कर्मचारियों व अन्य जवाबदेह लोगों के खिलाफ अब तक एफआइआर दर्ज नहीं होने की शिकायत पत्र पर सुप्रीम कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया है.
सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में पटना हाइकोर्ट के एक अधिवक्ता की ओर से भेजे गये पत्र को पीआइएल के रूप में सुनवाई करने का निर्देश दिया है. बिहार की निचली अदालतों में न्याय दिलाने के लिए पैसों के हो रहे खेल को 15 नवंबर, 2017 को एक समाचार चैनल पर कैश फॉर जस्टिस के नाम पर एक कार्यक्रम दिखाया गया था, जिसमें कर्मचारियों को घूस मांगते दिखाया गया था.
