तिलका मांझी भागलपुर विवि ने बीएड परीक्षा को ले बनाया रिकॉर्ड
19 को रिजल्ट किया घोषित
पटना : राज्यपाल-सह-कुलाधिपति लालजी टंडन ने एकेडमिक कैलेंडर का पालन करने के लिए 17 जनवरी को प्रतिकुलपतियों की बैठक में बीएड परीक्षा (2017-19) के परिणाम 31 मार्च तक प्रकाशित कर देने का आदेश राज्य के सभी विश्वविद्यालयों को दिया था. इसका पालन करते हुए तिलकामांंझी भागलपुर विवि ने 19 मार्च को ही परीक्षा परिणाम जारी कर रिकॉर्ड बना दिया है.
18 मार्च को प्रायोगिक परीक्षा खत्म : तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय के कुलपति ने बताया कि बीएड पाठ्यक्रम की सैद्धांतिक परीक्षा का आयोजन उनके विश्वविद्यालय ने पांच से 13 मार्च के बीच किया गया. 18 मार्च तक सभी प्रायोगिक परीक्षा भी ले ली गयी और 19 मार्च को बीएड परीक्षा का परीक्षाफल घोषित कर दिया गया.
कुलपति ने बताया कि परीक्षा आयोजन एवं पुस्तिकाओं का मूल्यांकन एक साथ विशेष अतिरिक्त परीक्षकों को लगाते हुए उनके द्वारा कराया गया और उसका परिणाम रहा कि तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय परीक्षा समाप्ति के अगले ही दिन परीक्षा परिणाम प्रकाशित करने में सफल हो गया. इस परीक्षा में 1900 परीक्षार्थी शामिल हुए थे.
राज्यपाल सचिवालय ने महामहिम कुलाधिपति के दिये गये निर्देश के आलोक में बरती गयी तत्परता के लिए तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय एवं आर्यभट्ट विश्वविद्यालय के कुलपतियों एवं पूरे विश्वविद्यालय प्रशासन की प्रशंसा की है.
कुलपति ने दी जानकारी : तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय के कार्यकारी कुलपति लीलाचंद साहा ने बताया है कि बीएड सत्र 2017-19 की फाइनल परीक्षा का परिणाम उनके विश्वविद्यालय द्वारा प्रकाशित कर दिया गया है.
आर्यभट ज्ञान विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ एके अग्रवाल ने भी बताया है कि फरवरी माह में बीएड परीक्षा आयोजित करते हुए उनके विश्वविद्यालय द्वारा सोमवार को परीक्षाफल घोषित कर दिया गया है.
बीएड परीक्षा में एकरूपता लाने का निर्देश
राज्यपाल लालजी टंडन ने राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों में बीएड पाठ्यक्रम के लिए परीक्षा शुल्क में एकरूपता लाने का आदेश दिया है. कुलपतियों की बैठक में सर्वसम्मत निर्णय के अनुरूप अब बीएड पाठ्यक्रम में संपूर्ण सत्र के लिए कुल परीक्षा शुल्क के रूप में 2500 रुपये की राशि सभी विश्वविद्यालयों के लिए कुलाधिपति के निर्देशानुरूप निर्धारित कर दी गयी है.
राज्यपाल ने सभी कुलपतियों को निर्देशित किया है कि बीएड पोस्ट एप्स के माध्यम से बीएड शिक्षण की गुणवत्ता को विकसित किया जाये, ताकि स्कूलों के लिए सुयोग्य शिक्षक उपलब्ध हो सकें.
