कंट्रोल रूम में जमे रहे अधिकारी

कंट्रोल रूम में जमे रहे अधिकारी नहीं मिल रही थी तथ्यात्मक जानकारीफोटो-नवादा कार्यालय. जिले के सभी पांच विधानसभा क्षेत्रों के लिए समाहरणालय में पांच अलग-अलग कंट्रोल रूम बनाये गये थे. सभी कंट्रोल रूम में पल-पल की जानकारी लेने के लिए अधिकारी व कर्मी शाम पांच बजे तक जमे रहे. परंतु, कंट्रोल रूम द्वारा जारी किये […]

कंट्रोल रूम में जमे रहे अधिकारी नहीं मिल रही थी तथ्यात्मक जानकारीफोटो-नवादा कार्यालय. जिले के सभी पांच विधानसभा क्षेत्रों के लिए समाहरणालय में पांच अलग-अलग कंट्रोल रूम बनाये गये थे. सभी कंट्रोल रूम में पल-पल की जानकारी लेने के लिए अधिकारी व कर्मी शाम पांच बजे तक जमे रहे. परंतु, कंट्रोल रूम द्वारा जारी किये गये दूरभाष केंद्रों पर लोगों को तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध नहीं करायी जा रही थी. सुबह के 10 बजे तक पहले चरण का मतदान प्रतिशत भी कंट्रोल रूम को उपलब्ध नहीं कराये जाने से खास परेशानी हो रही थी. मतदान कर्मियों की ओर से अपने-अपने मतदान केंद्रों की कुशलक्षेम न बता कर सिर्फ इवीएम में खराबी, विलंब से चुनाव शुरू होना जैसे जानकारी उपलब्ध करायी जा रही थी. जिले के 1553 मतदान केंद्रों में से 1525 मतदान केंद्रों पर किसी तरह की गड़बड़ी नहीं होने की सूचना मिली. जबकि, 10 बजे तक ऐसे मतदान कर्मियों द्वारा जिला कंट्रोल रूम को मतदान का प्रतिशत उपलब्ध नहीं कराया गया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >