मुजफ्फरपुर.
चार वर्षीय बीएड के छात्रों का पीजी में दाखिला नहीं हो पा रहा है. छात्रों का कहना है कि 4 वर्षीय इंटीग्रेटेड बीएड कोर्स नयी शिक्षा नीति के तहत नहीं की गई है. इसलिए इंटीग्रेटेड बीएड के छात्र 2 वर्षीय पीजी करने के लिए ही योग्य हैं, एक वर्षीय पीजी के लिए नहीं. क्योंकि इंटीग्रेटेड बीएड कोर्स की अवधि चार वर्षों की है. लेकिन यह सिर्फ स्नातक की डिग्री नहीं है, यह स्नातक के साथ बीएड की भी डिग्री है. गुरुवार को इंटीग्रेटेड बीएड के छात्र कुलसचिव से मिले. इस दौरान छात्रों ने कहा कि कुछ कॉलेज तथा डिपार्टमेंट में उनका नामांकन लेने के बाद उनका फॉर्म रिजेक्ट किया गया, तो कहीं नामांकन भी ले लिया है. छात्र नामांकन शुल्क भी जमा कर चुके हैं. इंटीग्रेटेड बीएड के छात्रों का पहला सत्र है, जो पीजी में नामांकन होगा. इस वजह से विवि को इस कोर्स के छात्रों का नामांकन लेने में समस्या हो रही है. मामले में डीएसडब्ल्यू ने कहा कि पीजी व इंटीग्रेटेड बीएड के रेगुलेशन को देखने के बाद छात्रों का नामांकन के लिए आदेश दिया जायेगा. एडमिशन कमेटी का जो भी निर्णय होगा छात्रहित में होगा. छात्र नेता ओम प्रकाश ने कहा कि इंटीग्रेटेड बीएड के छात्र 2 वर्षीय पीजी में नामांकन के लिए योग्य है. जिस तरह से सभी छात्र नामांकन के लिए परेशान है. उसे देखते हुए विश्वविद्यालय नोटिस जारी कर इस असमंजस की स्थिति को दूर करें, पीजी में नामांकन की तिथि को आगे बढ़ाने की मांग की है. मौके पर उज्जवल, पंकज, दीपांकर, राजकुमार, जितेश, रितु, दिव्या, निहारिका, शिवानी सहित कई छात्र उपस्थित थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
