हर माह सदर अस्पताल में तीन सौ से अधिक बच्चों का बन रहा जन्म प्रमाण पत्र

हर माह सदर अस्पताल में तीन सौ से अधिक बच्चों का बन रहा जन्म प्रमाण पत्र

:: जनवरी से मई तक 1308 बच्चों का बना जन्म प्रमाण पत्र

वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुर

सरकारी अस्पताल में गर्भवती के भर्ती होने के बाद ही अस्पताल में जन्मे शिशुओं का जन्म प्रमाण पत्र अब अस्पताल में ही बन जा रहा है. हर माह सदर अस्पताल में तीन सौ से अधिक बच्चों का जन्म प्रमाण पत्र बन रहा है. जनवरी से मई तक सदर अस्पताल में 1308 जन्म प्रमाण पत्र बनाये गये हैं. अस्पताल प्रबंधक विपिन कुमार ने कहा कि सरकारी अस्पताल में जन्म प्रमाण पत्र बनाने की व्यवस्था लागू कर दी गयी है. निजी अस्पतालों में जन्मे शिशुओं के जन्म प्रमाण पत्र नगर निगम कार्यालय में ही बन रहे हैं. सरकारी अस्पताल में प्रतिदिन औसतन 8 से 10 डिलीवरी होती हैं. शिशु के जन्म के बाद अभिभावकों को शिशु के जन्म प्रमाण पत्र के लिए नगर निगम कार्यालय में चक्कर लगाने नहीं पड़ते हैं. अभिभावकों की अक्सर शिकायत रहती है कि नगर निगम कार्यालय में जन्म प्रमाण पत्र के लिए औपचारिकताएं अधिक होती हैं. औपचारिकताएं पूर्ण करने के लिए उन्हें कई दिनों तक कार्यालय के चक्कर लगाने पड़ते हैं. स्वास्थ्य विभाग ने अभिभावकों को राहत देने के लिए सरकारी अस्पताल में जन्मे बच्चों का जन्म प्रमाण पत्र अस्पताल में ही बनाने की व्यवस्था की है.

हर माह बना प्रमाण पत्र

जनवरी- 330

फरवरी- 301

मार्च- 260

अप्रैल- 210

मई- 207

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By Prabhat Khabar News Desk

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