आप लोग देख लीजिए, इनका घर जल्दी बनना चाहिए : मुख्यमंत्री
मुजफ्फरपुर : नुनू महतो की झोपड़ी के सामने खड़े मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने डीएम आलोक रंजन घोष से पूछा- इनका घर अब तक नहीं बना? पास खड़े अधिकारी ने तुरंत जवाब दिया- सूची में नाम आ गया है सर. बन जायेगा. मुख्यमंत्री आगे बढ़ते हुए बोले- आप लोग देख लीजिए. इनका घर जल्दी बनना चाहिए. […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
मुजफ्फरपुर : नुनू महतो की झोपड़ी के सामने खड़े मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने डीएम आलोक रंजन घोष से पूछा- इनका घर अब तक नहीं बना? पास खड़े अधिकारी ने तुरंत जवाब दिया- सूची में नाम आ गया है सर. बन जायेगा. मुख्यमंत्री आगे बढ़ते हुए बोले- आप लोग देख लीजिए. इनका घर जल्दी बनना चाहिए.
इन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं हो. सीएम नीतीश कुमार के इतना कहते ही डीएम ने कहा – हो जायेगा सर. मुख्यमंत्री जल जीवन हरियाली मिशन यात्रा के क्रम में मंगलवार को कांटी प्रखंड के पानापुर हवेली पहुंचे थे. यहां उन्होंने एइएस पीड़ित परिवारों से मुलाकात की. नुनू महतो के बेटे की छह माह पहले एइएस से मौत हो चुकी है.
इस गांव में सीएम ने आसपास के घरों को भी देखा. सीएम के जाने के बाद नुनू के चेहरे पर संतुष्टि का भाव था. उन्हें इस बात का विश्वास था कि सूबे के मुखिया ने जब घर बनाने की बात कह दी, तो उनका घर जरूर बन जायेगा. सीएम के जाने के बाद नुनू ने बताया कि परिवार में पत्नी शीला देवी सहित पांच बेटियां हैं. चार वर्षीय बेटा प्रिंस जून में एइएस से पीड़ित हुआ था. केजरीवाल अस्पताल में उसका इलाज चला, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका. उसके पास रहने के लिए घर नहीं है.
बांस की कमानी से जगह को घेर कर किसी तरह गुजारा कर रहे हैं. सीएम के कहने पर उनके घर में अब नल लगा है. नुनू ने बताया कि वह मजदूरी करता है. राशि के अभाव में वह बच्चियों को ठीक तरह से पढ़ा नहीं पा रहा है. पहले वह गांव में ही दूसरी जगह पर घर बना कर रह रहा था. उसने बताया कि उसे बैंक से गाय खरीदने के लिए 50 हजार का लोन भी मिला है. वह अब गाय पालन भी करेगा.