चिलचिलाती धूप को लोगों ने नकारा, घर का लिया सहारा
आम का जूस व कोल्ड ड्रिंकस की बढ़ी डिमांड
गमछा, छाता व रूमाल लेकर चल रहे हैं लोग
मुंगेर : मुंगेर में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है. सूर्य की किरणों आग उगल रही है, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है. दोपहर में सड़कों पर शुक्रवार को वीरानी छायी रही. इक्के -दुक्के लोग ही जरूरी काम से घर के बाहर निकले.
सभी लोग पंखा व कूलर के नीचे ही रहना पसंद कर रहे हैं. लोगों का दैनिक दिनचर्या अस्त-व्यस्त हो गया है और वे परेशान हैं. अब लोगों को यह भी चिंता सताने लगी है कि कहीं धूप से लू के शिकार न हो जायें.
लू के हो रहे शिकार
बढ़ते तापमान के साथ ही गरम हवा ने लोगों को लू का एहसास करा दिया है. यही कारण है कि चौक-चौराहों पर लगने वाले सत्तू, आम का जूस, ठंड पानी व कोल्ड ड्रिंक्स की डिमांड बढ़ गयी है. ज्यादातर लोग दोपहर में धूप से बचने के लिए छाता व गमछा का इस्तेमाल कर रहे हैं.
गरमी ने किया परेशान
गरमी ने लोगों को इस कदर परेशान कर दिया है कि अब लोग घर से निकलने में परहेज करने लगे हैं. लोग शाम में ही घर से निकलने में अपनी भलाई समझ रहे हैं. जिसके कारण किला परिसर, लाल दरवाजा रोड, चौक बाजार, गांधी चौक, बेकापुर, बड़ी बाजार सहित विभिन्न क्षेत्रों के सड़कों पर वीरानी छायी रही. जरूरी कामकाज को भी छोड़ लोग शाम में ही हाट बाजार करना उचित समझ रहे हैं.
धूप से बचने का तरीका
धूप से बचने के लिए युवक, युवतियां व बूढ़े तरह-तरह के हथकंडे अपना रहे हैं. कोई माथे पर गमछा रख कर चल रहे हैं तो कोई टोपी पहन कर, जबकि युवक-युवतियां तो सन ग्लास, मुंह में रूमाल व गमछा के साथ ही हाथ में फूल प्रूफ ग्लब्स पहने हुए हैं, ताकि धूप से बचा जा सके.
कहते हैं चिकित्सक
मुंगेर के प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ राजीव रंजन ने बताया कि तेज धूप एवं गरमी को देखते हुए लोगों को एहतियात बरतने की जरूरत है. घर से निकलने से पहले पानी जरूर पीयें तथा बार-बार तरल पदार्थ ग्रहण करते रहे.
साथ ही धूप से स्कीन को बचाने के लिए रूमाल या गमछे का प्रयोग करें. अच्छे क्वालिटी का सन ग्लास पहनना भी जरूरी है.
