डीइओ ने बच्चों के साथ की एक से सौ तक की गिनती
शहर के मध्य विद्यालय हेरू दियारा का का डीइअो ने किया निरीक्षण
मुंगेर : जहां एक ओर शिक्षा विभाग गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के नाम पर लाखों रुपये खर्च कर रही है, वहीं दूसरी तरफ गुणवत्ता शिक्षा तो दूर की बात, पांचवी कक्षा के बच्चों को एक से सौ तक की गिनती तक नहीं आती है. शिक्षा विभाग की इस गुणवत्ता की पोल खुद जिला शिक्षा पदाधिकारी सुरेश प्रसाद सिंह ने खोल दी. सोमवार को शहर के मध्य विद्यालय हेरू दियारा का जिला शिक्षा पदाधिकारी सुरेश प्रसाद सिंह ने खुद निरीक्षण किया. उन्होंने बताया कि जब हेरू दियारा मध्य विद्यालय के पांचवी कक्षा के छात्रों से एक से सौ तक गिनती करने को कहा गया तो छात्र दस तक भी गिनती कर नहीं पाये.
उन्होंने कहा कि बच्चों के साथ रहकर उन्हें अपना बचपन याद आ गया और बच्चों के बीच एक से सौ तक गिनती लगाने लगे. उन्होंने विद्यालय की शिक्षिका को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि हमलोग बचपन में एक से सौ तक गिनती का रट्टा मारते थे. नई शिक्षा व्यवस्था में रट्टा मारने की कोई व्यवस्था नहीं है. इसके बाद डीईओ साहेब खुद बच्चों के बीच रट्टा मारने लगे और एक से सौ तक रट्टा मारने के बाद शिक्षिका को सुझाव दिया कि बच्चों के बीच खुद खड़े होकर गिनती करें. उन्होंने कहा कि पांचवी कक्षा के बच्चों को गिनती नहीं आना संपूर्ण शिक्षा व्यवस्था के लिए शर्म की बात है.
