मधुबनी. केंद्र सरकार के जातिगत जनगणना के निर्णय के लिए प्रधानमंत्री को धन्यवाद है. लंबे समय से यह मांग की जा रही थी कि देश में भी बिहार की तरह जातिगत जनगणना हो. प्रधानमंत्री ने लोगों की मांग पूरी कर दी है. ये बातें प्रेस प्रतिनिधियों को संबोधित करती हुई जदयू महिला प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष भारती मेहता ने कही. उन्होंने कहा कि पहले बिहार में जातिगत जनगणना मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने करायी थी. तब से पूरे देश में जाति गणना की मांग उठने लगी. जिसे देखते हुए प्रधानमंत्री ने यह फैसला लिया. इसके लिए वे बधाई के पात्र हैं. वहीं, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रभांशु झा ने कहा कि जातिगत जनगणना काफी लंबे समय से नहीं हुई थी. प्रधानमंत्री ने यह फैसला लेकर सराहनीय कार्य किए हैं. साथ ही उन्होंने विरोधियों को बताया कि पंद्रह साल माता पिता की सरकार में बिहार में भी नहीं करायह गयी. विरोधी अब कहते हैं कि यह उनकी ही मांग पर हुई है. उन्होंने कहा कि जब केंद्र में कांग्रेस की सरकार केंद्र थी तब क्यों नहीं जातिगत गणना करायी गयी. उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी की सरकार में ऐतिहासिक फैसला लिया जा रहा है. प्रेस वार्ता में जदयू जिलाध्यक्ष फूले भंडारी, रालोमो जिलाध्यक्ष रंजीत कामत, हम जिलाध्यक्ष, देवेंद्र यादव, भाजपा मीडिया प्रभारी मनोज कुमार मुन्ना, आलोक यादव, प्रभात रंजन, सोनी कुमारी, जदयू महिला प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष विक्रमशिला यादव, भरत चौधरी सहित भी मौजूद थे.
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