आक्रोश. सफाई के काम से हटाये जाने से आक्रोशित थे मजदूर
मधुबनी : शहर में वर्षों से सफाई में लगे मजदूरों ने काम नहीं मिलने पर बुधवार की सुबह सड़क जाम किया तथा नप कार्यालय में तालाबंदी भी की. आक्रोशित मजदूर जिला प्रशासन एवं नप प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे थे. सफाई के लिए वैकल्पिक व्यवस्था तथा नये एनजीओ के अनुबंध में काम देने की मांग कर रहे थे.
दरअसल, नगर परिषद के द्वारा शहर में सफाई कार्य एनजीओ को दिया गया है.
नये बोर्ड के गठन के बाद पहले से काम कर रहे एनजीओ को सशक्त स्थायी समिति के निर्णय से हटा दिया गया. इन्हें 31 जुलाई तक कार्य करने को कहा गया था. जिसके कारण दो दिनों से इन्हें काम नहीं मिल रहा था. मजदूरों का कहना था कि हमारे पूर्वज व हम लोग सफाई काम में लगे हुए हैं. प्रतिदिन जो मजदूरी मिलती है. उसी से अपने परिवार का परवरिश करते है. दो दिनों से काम नहीं मिलने के कारण भूखमरी की नौबत आ गयी है.
बताते चले कि ये मजदूर महादलित जाति के हैं.
पांच सदस्यीय कमेटी से वार्ता
कार्यपालक पदाधिकारी जटाशंकर झा व मुख्य पार्षद सुनैना देवी के पति निर्मल राय ने प्रतिनिधि मंडल को आश्वासन दिया कि नये एनजीओ को
काम मिलना है. इसके लिए निविदा की प्रक्रिया की गयी है. शीघ्र प्रक्रिया पूरी कर सफाई कार्य शुरू कराया जाएगा. उन्होंने कहा कि तत्काल वैकल्पिक व्यवस्था के तहत सफाई कराया
जा रहा है. नये एनजीओ सभी को अपने साथ जोड़े इसके लिए आग्रह किया जायेगा.
आंदोलन में दर्जनों मजदूर थे शामिल. शहर में बाटा चौक के समीप मजदूर सुबह 6 बजे से ही सड़क जाम किये हुए थे. जिससे अफरा-तफरी का माहौल था. हालांकि आंदोलनकारियों द्वारा स्कूल के बस को नहीं रोका जा रहा था. दो घंटा तक मजदूर धरना स्थल पर डटे रहे. जिसमें महिला भी शामिल थी. इसी बीच कोई प्रशासनिक पदाधिकारी यहां नहीं पहुंच थे. बाद में कई सामाजिक कार्यकर्ता के समझाने बुझाने के बाद ये लोग सड़क जाम हटाया. मजदूर अपने हाथ में झाड़ू लिये थे. मौके पर लीला देवी, रेणु देवी, पिंकी देवी, पूजा देवी, बॉबी देवी, रजनी देवी, अशोक राम, विजय राम, शंकर राम, शिव कुमार, शिवा राम, मंगल राम,ज्योति राम, संतोष राम, पप्पु राम, नरेश राम, जित राम, छोटू राम, दिलीप राम, रमेश राम, संतोष राम, साजन राम, राजू राम सहित दर्जनों मजदूर शामिल थे.
नप कार्यालय में तालाबंदी
आंदोलन के दूसरे चरण में दर्जनों मजदूरों ने राजा ठाकुर, अशोक राम व विजय घनश्याम के नेतृत्व में बाटा चौक पैदल मार्च करते हुए 10 बजे नप कार्यालय पहुंचें. जहां उन्होंने कार्यालय के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर दी. जिसके कारण करीब दो घंटों तक कार्यालय का काम काज बाधित रहा. इस दौरान जिला व नप प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे थे. मजदूर हाथ में झाडू और नारे लिखी तख्ती लिए हुए थे. करीब 12 बजे कार्यपालक पदाधिकारी जटाशंकर झा व नगर थानाध्यक्ष अरुण कुमार राय नगर परिषद पहुंचे. जहां करीब 30 मिनट मजदूरों को समझाने बुझाने के बाद नप कार्यालय का ताला खोला गया.
