परेशानी . अल्पसंख्यक व महादलित समुदाय की महिलाएं करेंगी आंदोलन
मधुबनी : कहते हैं कि सत्ता बदलती है तो क्षेत्र में कोई ना कोई परिवर्तन भी अवश्य ही होता है. जनप्रतिनिधि के साथ-साथ शहर के निजाम बदल गये. पर जनता की तकदीर नहीं बदली. मानो समस्या यहां के लोगों की नियति बनकर रह गयी है. दरअसल, शहर में वार्ड न. 2 के लोग वर्षों से जलजमाव से परेशान है. जिससे करीब तीन हजार आबादी प्रभावित है.
पीड़ित परिवार कई बार इसकी सूचना नप प्रशासन से लेकर जिला प्रशासन को दी है. पर इसे कोई सुनने वाला कोई नहीं. जलजमाव के कारण महिलाएं व बच्चे बीमार पर रहे हैं. जल निकासी को लेकर स्थानीय लोग कई बार आंदोलन भी कर चुके है. अब जबकि पानी सिर से उपर चला गया वार्ड क्षेत्र के सैकड़ों महिलाएं आंदोलन तक की चेतावनी दे डाली है.
एक दर्जन बच्चे बीमार . दरअसल वार्ड में लगातार जलजमाव से बच्चे व बूढ़े बीमार पर रहे है. वर्तमान में ही करीब एक दर्जन बच्चे बीमार हैं. पर इनके इलाज में भी परेशानी ही है. कारण यह है कि इस मुहल्ला में बाहर के कोई भी लोग आने से परहेज करते हैं. स्थानीय निवासी मो. अब्दूल मन्नान बताते है कि मैं हमेशा बीमार रहता हूं.
मेरे छोटे बच्चे मो. इम्तियाज (5 वर्ष) भी लगातार बीमार रहने के कारण दूसरे के यहां चूल्हा चौकी ले गयी है. जहां से खाना बना कर लाती है. यहीं हाल नजराना परवीन, रूबी खातुन, राजधानी कुमारी का है. नजराना के बच्चे फलक (6) व खुशनाज 2, राजधानी कुमारी की बच्ची ज्योति कुमारी 12, रूबी खातुन के बच्चे रौशनी व चावनी खातुन का है जो बराबर बीमार रहती है.
जलनिकासी की नहीं हुई पहल.वार्ड न. 2 के संतुनगर इलाके में जलनिकासी की कभी ठोस पहल नहीं हुई है.बरसात का पानी निकलने का कोई श्रोत नहीं. एक वर्ष पूर्व मुख्य सड़क के किनारे नाला का निर्माण भी कराया गया. यह नाला इतनी उंची है कि इससे पानी निकल कर घंटों में चला जाता है. पार्षद विनीता देवी बताती है कि इस बस्ती में नाला निर्माण कर बुबना उद्यान के समीप नदी में पानी गिराना होगा, दूसरा किंस केनाल की उड़ाही होनी चाहिए व तीसरा कम्यूनिष्ट पार्टी कार्यालय के समीप से श्मशान घाट के जीवछ नदी में नाला का निर्माण होना चाहिए. इसके बाद ही जलनिकासी संभव हो पायेगी. वहीं पार्षद किराये के पंप सेट से जल निकासी करा रहा है.
आधारभूत संरचना का अभाव. अल्पसंख्यक व महादलित बहुल वाले इस वार्ड क्षेत्र में आधारभूत संरचना का घोर अभाव है. अधिकतर परिवार मजदूरी कर गुजारा करते है. अधिकांश लोग झोपड़ी में ही निवास करते है. बारिश का पानी इन गलियों में ही जमा रहता है.
महिलाएं करेंगी आंदोलन
वार्ड के सैकड़ों अल्पसंख्यक व महादलित महिलाएं वार्ड पार्षद विनीता देवी के नेतृत्व में आंदोलन करेगी. वार्ड की राजधान देवी उर्मिला देवी, अनुराधा देवी, मालती देवी, नसीमा खातुन, अजमेरी खातुन, गुलशन खातुन, जहारा खातुन, रूबी खातुन सहित दर्जनों महिलाओं ने कहा कि नगर परिषद प्रशासन शीघ्र जल निकासी के लिए पहल नहीं करेगी तो हमलोग उग्र आंदोलन करेंगे. वहीं मुख्य पार्षछ से जल निकासी की ठोस पहल की मांग की है. वहीं महिलाओं द्वारा नप कार्यालय का घेराव किया जायेगा.
जल्द होगा समाधान
संतुनगर की यह बस्ती लो लैंड में है. जहां जलजमाव की समस्या है. जल निकासी का हर स्तर से प्रयास किया जा रहा है. किंस कैनाल की उड़ाही की योजना है. जहां तक आधारभूत संरचना का प्रश्न है, प्राथमिकता के तौर पर शहर में इसका विकास किया जायेगा.
सुनैना देवी, मुख्य पार्षद
