मधेपुर : बराज से पानी छोड़े जाने के कारण कोसी नदी एक बार फिर मंगलवार को उफना गयी़ कोसी नदी के उफनाने से बाढ़ का पानी कोसी दियारा स्थित गढगांव, मैनाही, परियाही,बक्सा,गोबरगढा, बसीपटृी,भरगामा, बकुआ गांव के बघारो व नीचले इलाको में फैल गया है़
बाढ़ का पानी गढगांव पंचायत के गोवरगढा, मैनाही, परियाही गांव के कई परिवारों के आंगन मे प्रवेश कर गया है़ एक बार फिर से कोसी नदी के उफनाने से कोसी तटबंध के बीच बसी आबादी में भय का आलम व्याप्त हो गया है़ बिशेषकर नदी किनारे बसे भरगामा, बकुआ, गांव के अलावे गढगांव पंचायत के सैकडों परिवारों के लोगों की नींद हराम होने लगी है़. एक माह पूर्व बाढ़ की भयंकर पीड़ा से इन गांवों के लोग उबड़ भी नही पाये थे कि दोबारा फिर से बाढ़ का पानी इन गांवों में दस्तक दे दिया है़ बाढ़ के पानी कई परिवार के आंगनों में प्रवेश कर जाने से लोगों में दहशत कायम होने लगा है.
गढगांव पंचायत के वार्ड सदस्य सुचेन्द्र यादव ने बताया कि बाढ़ का पानी गढगांव पंचायत के मैनाही,परियाही, बक्सा,गोंबरगढा गांव को चारो ओर से घेर रखा है़ लोगों को घर से बाहर निकलने के लिए एक मात्र सहारा नाव ही बन गया है़ उन्होने बताया कि बाढ़ की स्थिति गंभीर बनती जा रही है . इधर बकुआ एवं भरगामा गांव में नदी किनारे बसे दर्जनो परिवार भी बाढ़ की स्थिति को देखकर काफी सहमे हुये है़ इन गांव के लोगों को भी एक बार फिर से बाढ़ व कटाव का भय सताने लगा है़ बकुआ पंचायत के मुखिया नीरज कुमार ने बताया कि गांव के लोगो को सबसे ज्यादा भय नदी के कटाव का बना हुआ है़ पूर्व के बाढ़ में इस गांव के लगभग दो दर्जन परिवारों का घर नदी में कटकर विलीन हो चुका है . इस गांव के सैकडों एकड़ जमीन नदी में कटकर विलीन हो चुकी है़ इस बाबत अंचल अधिकारी अशोक कुमार सिंन्हा ने बताया कि बाढ़ की स्थिति पर नजर रखी जा रही है़नाविको को सर्तक कर दिया गया है़
