नागरिक उड्डयन सचिव ने की गैस आपूर्ति व आवश्यक वस्तुओं की समीक्षा
नागरिक उड्डयन सचिव ने की गैस आपूर्ति व आवश्यक वस्तुओं की समीक्षा
By AWADHESH KUMAR | Updated at :
कालाबाजारी रोकने के लिए 46 ठिकानों पर छापेमारी, प्रवासी श्रमिकों की वापसी को लेकर प्रशासन अलर्ट
किशनगंज. जिले के समाहरणालय स्थित महानंदा सभागार में नागरिक उड्डयन सह पर्यटन विभाग के सचिव निलेश रामचन्द्र देवरे की अध्यक्षता में गैस आपूर्ति एवं वितरण से संबंधित महत्वपूर्ण समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गयी. बैठक में आइओसीएल, बीपीसीएल एवं एचपीसीएल के माध्यम से होने वाली आपूर्ति व्यवस्था की बारीकी से पड़ताल की गयी. जिला नोडल पदाधिकारी ने बताया कि जिले में वर्तमान में कुल 33 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं, जिनमें आइओसीएल की संख्या सर्वाधिक है. बांका व पूर्णियां से होने वाली सड़क आपूर्ति श्रृंखला को और सुदृढ़ बनाने के निर्देश दिए गए.
कमर्शियल गैस व आवश्यक वस्तुओं पर विशेष जोर
सचिव ने जिला आपूर्ति पदाधिकारी को निर्देशित किया कि हॉस्टल, हॉस्पिटल व सरकारी स्कूलों जैसे संस्थानों में कमर्शियल गैस की कमी के कारण कोई भी गतिविधि बाधित नहीं होनी चाहिए. जिलाधिकारी विशाल राज ने जानकारी दी कि आवश्यक वस्तुओं की कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने के लिए 31 मार्च को जिले के 46 प्रतिष्ठानों में सघन छापेमारी की गयी है. बैठक में खाद्यान्न, आटा व उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर बल दिया गया.
खेती व भंडारण की स्थिति
कृषि विभाग की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले में लगभग 7000 हेक्टेयर में चाय और 3000 हेक्टेयर में अनानास की खेती होती है. कुल एक लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में कृषि कार्य किया जा रहा है और जिले में तीन कोल्ड स्टोरेज संचालित हैं. फसल क्षति के मुआवजे और यूरिया-डीएपी के वितरण की भी समीक्षा की गयी.
प्रवासी श्रमिकों की वापसी और अन्य निर्देश
सचिव ने बताया कि अन्य राज्यों जैसे पुणे, मुंबई और सूरत में गैस आधारित उद्योगों के प्रभावित होने के कारण प्रवासी श्रमिकों की वापसी की संभावना बन रही है. उन्होंने जिला प्रशासन को ऐसे श्रमिकों के लिए सरकारी सुविधाओं के प्रति सजग रहने का निर्देश दिया. बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिनों और शहरी क्षेत्रों में 25 दिनों के अंतराल पर गैस री-बुकिंग की व्यवस्था लागू है. बैठक के समापन के बाद सचिव ने समाहरणालय परिसर स्थित आपदा प्रबंधन कार्यालय और कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया. इस अवसर पर एडीएम अमरेन्द्र कुमार पंकज, एडीएम आपदा प्रबंधन, जिला आपूर्ति पदाधिकारी, जिला कृषि पदाधिकारी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे.