ठाकुरगंज (किशनगंज) से बच्छराज नखत की रिपोर्ट
Jiranagachh Panchayat: बिहार सरकार के लोक-कल्याणकारी निर्देशों के आलोक में किशनगंज जिले के ठाकुरगंज प्रखंड अंतर्गत जिरनगच्छ पंचायत में मंगलवार को ‘सहयोग शिविर’ का भव्य आयोजन किया गया. इस विशेष शिविर का मुख्य उद्देश्य सुदूर देहात के ग्रामीणों, गरीबों और लाचार बुजुर्गों को प्रखंड व जिला मुख्यालय के चक्कर काटने से मुक्ति दिलाना तथा उनकी समस्याओं का स्थानीय स्तर पर ही त्वरित (ऑन-द-स्पॉट) निष्पादन सुनिश्चित करना था. शिविर की महत्ता को देखते हुए सुबह से ही पंचायत क्षेत्र के विभिन्न गांवों से बड़ी संख्या में महिला-पुरुष फरियादी अपनी समस्याओं के आवेदन लेकर शिविर स्थल पर पहुंचने लगे थे.
भूमि परिमार्जन और दाखिल-खारिज के मामलों का ऑन-द-स्पॉट निपटारा
शिविर में प्राप्त आवेदनों और प्रशासनिक कार्रवाई का सिलसिलेवार विवरण निम्नलिखित बिंदुओं के माध्यम से देखा जा सकता है:
- राजस्व मामलों में विशेष रुचि: सहयोग शिविर में सबसे ज्यादा भीड़ भूमि सुधार और राजस्व काउंटरों पर देखी गई. जमीन से जुड़े विवादों और डिजिटल त्रुटियों को सुधारने के लिए भूमि परिमार्जन से संबंधित कुल 12 आवेदन प्राप्त हुए. मौके पर मौजूद राजस्व कर्मचारियों ने जमाबंदी और दस्तावेजों की गहन जांच कर इन सभी मामलों का ऑन-द-स्पॉट समाधान किया.
- जनकल्याणकारी योजनाओं के आवेदन: भूमि संबंधी मामलों के अलावा शिविर में सामाजिक सुरक्षा पेंशन (वृद्धावस्था, विधवा व दिव्यांग पेंशन), नए राशन कार्ड के निर्माण व नाम जोड़ने, दाखिल-खारिज (म्यूटेशन), जन्म प्रमाण पत्र और मृत्यु प्रमाण पत्र से जुड़े दर्जनों आवेदन प्राप्त हुए, जिन्हें संबंधित प्रभागों के लिपिकों को आगे की त्वरित कार्रवाई के लिए सौंपा गया.
प्रखंड कार्यालयों के चक्कर काटने से मिल रही है मुक्ति: एडीएम
प्रशासनिक वक्तव्य: शिविर का जायजा लेने पहुंचे अपर समाहर्ता (ADM) मो. इरफान आलम ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि नीतीश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पूरी पारदर्शिता के साथ पहुंचाना जिला प्रशासन का मुख्य लक्ष्य है. पंचायत स्तर पर इन शिविरों के आयोजन से ग्रामीणों का समय और पैसा दोनों बच रहा है, और उन्हें अब छोटे-छोटे कामों के लिए प्रखंड या जिला कार्यालयों की दौड़ नहीं लगानी पड़ रही है.
प्रशासनिक अधिकारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि रहे मुस्तैद
सफल क्रियान्वयन और उपस्थिति:
शिविर को सफल बनाने और आम जनता की शिकायतों को गंभीरता से सुनने के लिए जिला स्तर से लेकर पंचायत स्तर तक का पूरा प्रशासनिक अमला मुस्तैद दिखा. अधिकारियों ने कड़े लहजे में कहा कि जिन आवेदनों का निष्पादन तकनीकी कारणों से मौके पर नहीं हो पाया है, उन्हें ‘सहयोग पोर्टल’ पर अपलोड कर समयबद्ध तरीके से निष्पादित किया जाएगा.
इस महत्वपूर्ण सहयोग शिविर के अवसर पर मुख्य रूप से अपर समाहर्ता (एडीएम) मो. इरफान आलम, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी (BPRO) अजीत कुमार, सांख्यिकी पदाधिकारी अवधेश शर्मा, सर्किल इंस्पेक्टर (सीआई) ठाकुरगंज, संबंधित हलके के राजस्व कर्मचारी सहित जिरनगच्छ पंचायत के मुखिया निर्मल कुमार, पंचायत समिति सदस्य, सभी वार्ड सदस्य तथा विभिन्न विभागों के नोडल पदाधिकारी और सैकड़ों की संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे.
