किशनगंज से गौरव कुमार की रिपोर्ट
Vehicle Checking Campaign: सीमावर्ती जिले किशनगंज में कानून व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने, वित्तीय संस्थानों की सुरक्षा पुख्ता करने और आपराधिक तत्वों के मंसूबों को नाकाम करने के लिए पुलिस कप्तान (एसपी) संतोष कुमार के आदेश पर एक व्यापक सुरक्षा अभियान छेड़ा गया है. शुक्रवार को दिवा गश्ती (डे पेट्रोलिंग) के दौरान जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में स्थित बैंकों, ग्राहक सेवा केंद्रों (CSP) और अन्य वित्तीय प्रतिष्ठानों में अचानक पुलिसिया दबिश दी गई. इस औचक निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य बैंकिंग परिसरों में सुरक्षा मानकों की पड़ताल करना और आम नागरिकों के भीतर सुरक्षा की भावना को सुदृढ़ करना है.
शाखा प्रबंधकों को कड़े निर्देश: ‘बड़ी नकदी निकासी’ से पहले पुलिस को दें इनपुट
बैंकों के भीतर और बाहर संदिग्ध गतिविधियों पर चौबीसों घंटे पैनी नजर रखने के लिए पुलिस अधिकारियों ने कमान संभाली है. इस अभियान के दौरान निम्नलिखित कड़ियों पर विशेष बल दिया गया:
- प्रबंधकों से संवाद: जांच टीम ने विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधकों (Branch Managers) से मुलाकात कर उनके सुरक्षा फीडबैक लिए और आपातकालीन अलार्म तथा सीसीटीवी कैमरों के क्रियाशील होने की पुष्टि की.
- बड़ी निकासी पर अलर्ट: पुलिस ने सभी बैंक प्रबंधकों को सख्त हिदायत दी है कि यदि कोई ग्राहक या व्यापारी बैंक से बड़ी मात्रा में कैश (नकदी) की निकासी करने वाला हो, तो इसकी पूर्व सूचना स्थानीय थाने को अनिवार्य रूप से दें ताकि उन्हें सुरक्षा कवर प्रदान किया जा सके और छिनतई की घटनाओं को रोका जा सके.
- सुरक्षा गार्डों की ब्रीफिंग: बैंक के मुख्य द्वारों पर तैनात सुरक्षा गार्डों को स्पष्ट निर्देश दिया गया कि वे अंदर आने वाले हर व्यक्ति के थैलों और दस्तावेजों की बारीकी से जांच करें. किसी भी व्यक्ति के संदिग्ध प्रतीत होने पर तुरंत उसका पहचान पत्र मांगें और अविलंब पुलिस को सूचित करें.
संदिग्धों पर नजर रखने के लिए बनीं स्पेशल टीमें; एहतियाती कदम जारी
बैंकों के आस-पास मंडराने वाले, बिना नंबर प्लेट की बाइकों पर बैठने वाले और अनावश्यक रूप से रेकी करने वाले संदिग्ध युवकों को दबोचने के लिए पुलिस ने सादे लिबास में विशेष टीमों का गठन किया है.
जिला स्वास्थ्य और व्यापारिक गतिविधियों के केंद्र माने जाने वाले शहरी बाजारों से लेकर सुदूर देहाती इलाकों तक, पुलिस की इस एहतियाती सतर्कता से अपराधियों में हड़कंप है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बैंकों और वित्तीय संस्थानों की यह सुरक्षा पड़ताल और ‘सरप्राइज चेकिंग’ का सिलसिला आगे भी लगातार और पूरी कड़ाई के साथ जारी रहेगा.
गलगलिया और अररिया बॉर्डर चेकपोस्ट सील; डिक्की और वाहनों की सघन तलाशी
बैंकों की आंतरिक सुरक्षा के साथ-साथ जिले की भौगोलिक और अंतरराष्ट्रीय/अंतर-जिला सीमाओं पर भी सुरक्षा घेरा कड़ा कर दिया गया है. शुक्रवार को पुलिस ने जिले के सभी प्रमुख प्रवेश द्वारों पर बैरिकेडिंग कर सघन वाहन जांच अभियान चलाया:
- गलगलिया चेकपोस्ट: भारत-नेपाल सीमा और पश्चिम बंगाल को जोड़ने वाले गलगलिया चेकपोस्ट पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है, जहां आने-जाने वाले हर छोटे-बड़े वाहन की लॉग बुक दर्ज की जा रही है.
- अररिया जिला सीमा: अररिया और किशनगंज की सीमाओं को जोड़ने वाले संवेदनशील चेकप्वाइंट्स पर भी पुलिस मुस्तैद रही.
- डिक्की की जांच: जांच के दौरान दोपहिया और चार पहिया वाहनों को रोककर उनकी डिक्की, कागजात और चालकों के लाइसेंस की जांच की गई. पुलिस के इस आक्रामक अभियान से जहां संदिग्धों की आवाजाही पर रोक लगी है, वहीं आम जनता ने पुलिस की इस मुस्तैदी की सराहना की है.
