Agwani Sultanganj Ferry: परबत्ता. बारिश और तेज हवा के बीच अगुवानी-सुल्तानगंज के बीच नाव से सफर करने वाले लोगों के लिए परेशानी बढ़ गयी है. खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा के मद्देनजर इस महत्वपूर्ण नाव फेरी सेवा पर अगले आदेश तक रोक लगा दी है. आदेश के बाद अगुवानी घाट से नावों का परिचालन पूरी तरह बंद कर दिया गया है.
इसका असर बुधवार सुबह से ही घाट पर पहुंचने वाले यात्रियों पर दिखने लगा. कई लोग रोज की तरह अगुवानी घाट पहुंचे, लेकिन वहां नाव सेवा बंद होने की जानकारी मिलने के बाद उन्हें वापस लौटना पड़ा. रोजाना इस रास्ते से आने-जाने वाले लोगों के लिए अचानक सेवा बंद होना बड़ी परेशानी बन गया है.
घाट पहुंचे शिक्षक, नाव बंद मिली तो लौटना पड़ा
अगुवानी-सुल्तानगंज नाव सेवा बंद होने से सबसे ज्यादा परेशानी उन लोगों को हो रही है, जिनका रोज का आवागमन इस जलमार्ग पर निर्भर है. दूध, फल-सब्जी का कारोबार करने वाले लोगों के साथ दैनिक मजदूर, सरकारी शिक्षक और दूसरे कर्मचारी भी इससे प्रभावित हुए हैं.
घाट पर मौजूद शिक्षक सौरभ कुमार ने बताया कि वह सुल्तानगंज स्थित एक सरकारी विद्यालय में सेवा देते हैं. रोज की तरह बुधवार सुबह वह अगुवानी घाट पहुंचे थे, लेकिन वहां पहुंचने पर नाव परिचालन बंद होने की जानकारी मिली. ऐसे में फिलहाल उनके पास घर लौटने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा.
यह स्थिति सिर्फ एक शिक्षक की नहीं है. नाव सेवा बंद रहने तक रोजाना इस मार्ग से सफर करने वाले लोगों को अपने काम और गंतव्य तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ेगा.
बारिश और तेज हवा के बीच लिया गया सुरक्षा फैसला
प्रशासन के अनुसार खराब मौसम, भारी बारिश और तेज हवाओं को देखते हुए यात्रियों की सुरक्षा के लिए नाव परिचालन पर रोक लगायी गयी है. परबत्ता अंचल अधिकारी हरिनाथ राम ने बताया कि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नियमानुसार नाव परिचालन बंद किया गया है.
प्रशासन का कहना है कि मौसम सामान्य होने और परिस्थितियां सुरक्षित होने के बाद ही नाव फेरी सेवा दोबारा शुरू की जाएगी. यानी फिलहाल यात्रियों को नाव सेवा बहाल होने के लिए मौसम में सुधार का इंतजार करना होगा.
रोजमर्रा की जरूरतों पर भी पड़ा असर
अगुवानी-सुल्तानगंज के बीच नाव सेवा स्थानीय लोगों के लिए सिर्फ एक यातायात सुविधा नहीं है. बड़ी संख्या में लोग इसका इस्तेमाल रोजमर्रा के काम के लिए करते हैं. नौकरी, पढ़ाई, व्यापार और मजदूरी से जुड़े लोगों के लिए यह जलमार्ग आवागमन का महत्वपूर्ण साधन है.
नाव परिचालन बंद होने से दूध, फल और सब्जी जैसे रोजाना के कारोबार से जुड़े लोगों की आवाजाही भी प्रभावित हो रही है. दैनिक मजदूरों और कर्मचारियों के लिए भी समय पर अपने कार्यस्थल तक पहुंचना चुनौती बन गया है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि सेवा बंद होने से उनकी दैनिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं. कई लोग घाट तक पहुंचने के बाद वापस लौटने को मजबूर हैं. ऐसे में मौसम खराब रहने तक परेशानी और बढ़ सकती है.
Agwani Sultanganj Ferry: मौसम सुधरा तो फिर शुरू होगी सेवा
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नाव सेवा को यात्रियों की सुरक्षा से जोड़कर देखा जा रहा है. मौसम सामान्य होने के बाद सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए परिचालन दोबारा शुरू किया जाएगा.
फिलहाल अगुवानी घाट पर पहुंचने वाले यात्रियों को नाव सेवा शुरू होने का इंतजार करना होगा. प्रशासन की नजर मौसम की स्थिति पर है. मौसम में सुधार और नाव परिचालन के लिए परिस्थितियां सुरक्षित होने के बाद ही इस मार्ग पर आवागमन सामान्य होने की उम्मीद है.
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