मिड डे मिल वर्कर यूनियन के तत्वावधान में समाहरणालय के समक्ष जिले के रसोइयों ने धरना दिया. इस दौरान कई मांगे रखी गयी. वक्ताओं ने कहा कि जब तक मांगे नहीं मानी जायेगी तब तक आंदोलन किया जायेगा.
खगड़िया : मंगलवार को मिड डे मिल वर्कर यूनियन के तत्वावधान में समाहरणालय के समक्ष जिले के हजारों रसोइया ने धरना प्रदर्शन किया. धरना सभा की अध्यक्षता नीतू देवी ने की. सभा को संबोधित करते हुए संजय कुमार ने कहा कि जब तक सभी रसोइया को सरकारी कर्मचारी घोषित नहीं हो जाता तब तक बिहार व केंद्र सरकार को चैन से नहीं रहने देंगे. उन्होंने सभी रसोइया को ड्रेस, धुलाई भत्ता, मातृत्व अवकास, आकस्मिक अवकाश, मेडिकल आदि दिये जाने की मांग की है. श्री कुमार ने कहा कि अगर किसी रसोइया को काम से हटाया गया तो प्रशासन को इसका जवाब दिया जायेगा. सभा को जिला मंत्री सुधीर कुमार शिक्षक नेता विद्यानन्द सिंह,
डीवाईएफआइ के जिला नेता मनजीत कुमार, सामाजिक कार्यकर्ता विजय सिंह अलौली की विमला देवी, मणिकांत पासवान, चौथम अंचल के संरक्षक शुभुकलाल मधुकर, खगड़िया अंचल के संरक्षण सुरेंद्र प्रसाद आदि वक्ताओं ने संबोधित किया. वक्ता संजय सिंह ने कहा कि सभी मीड डे मिल वकर्स को चतुर्थ श्रेणी का सरकारी कर्मचारी घोषित किया जाय. उन्होंने 2013 से मीड डे मिल वकर्स के मानदेय बढोतरी को लागु करने तथा 45 दिन श्रम सम्मेलन की सिफारिशों के अनुसार ग्रेच्यूटी, पीएफ आदि की सुविधा दी जाय. 12वीं कक्षा तक के बच्चों को खाद्य सुरक्षा कानून के दायरे में लाकर उसके अनुसार मीड डे मिल योजना चलायी जाय. अन्य वक्ताओं ने मीड डे मिल वकर्स को अर्जीत अवकाश, आकस्मिक अवकाश, मेंडिकल अवकाश देने की मांग की. सभी ने कहा कि अगर रसोइया की मांगों को नहीं माना गया तो आने वाले दिनों में सांसद, विधायक, एवं अन्यजन प्रतिनिधियों का घेराव किया जायेगा. सभी ने एक स्वर से इतनी कम राशि रसौइया को देने के लिए सरकार की निन्दा की. इस अवसर पर महबूबा खातुन, मीरा देवी, लाल बहादुर सिंह, सुरेंद्र प्रसाद, आदि उपस्थित थे.
