तीन साल से आस्था को ढूंढ रहा विभाग

खुलासा. इंटरमीडिएट आर्ट्स 2013 की आठवीं टॉपर लापता! डीएम को सौंपी गयी रिपोर्ट इस बात का खुलासा होने के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी डॉ ब्रज किशोर सिंह ने बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के सचिव को वर्ष 2013 के इंटर आर्ट्स में बिहार में आठवां स्थान लानेवाली छात्रा आस्था आनंद के प्रमाण पत्र को रद्द करने […]

खुलासा. इंटरमीडिएट आर्ट्स 2013 की आठवीं टॉपर लापता!

डीएम को सौंपी गयी रिपोर्ट इस बात का खुलासा होने के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी डॉ ब्रज किशोर सिंह ने बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के सचिव को वर्ष 2013 के इंटर आर्ट्स में बिहार में आठवां स्थान लानेवाली छात्रा आस्था आनंद के प्रमाण पत्र को रद्द करने के लिए पत्र भेज दिया है.
खगड़िया : इंटर आर्ट्स परीक्षा में बिहार टॉपर (आठवां स्थान) लाने वाली छात्रा आस्था आनंद लापता है. उसके प्रमाण पत्र सहित अन्य कागजात पर जो नाम-पता हैं वहां जाने पर भी कोई अता-पता नहीं चल पा रहा है. गोगरी सीओ द्वारा डीएम को सौंपी गयी रिपोर्ट इस बात का खुलासा होने के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी डॉ ब्रज किशोर सिंह ने बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के सचिव को वर्ष 2013 के इंटर आर्ट्स में बिहार में आठवां स्थान लाने वाली छात्रा आस्था आनंद के प्रमाण पत्र को रद्द करने के लिये पत्र भेज दिया है. इधर, तीन वर्षों से चल रहे इस घटनाक्रम के बीच सबसे बड़ा सवाल है कि
आखिर उस वक्त टॉपर बनने वाली आस्था आनंद कहां गायब हो गयी? वर्ष 2013 के इंटर की परीक्षा में शामिल होने वाली आस्था आनंद को शिक्षा विभाग के अधिकारी या सीओ भले ही नहीं ढूंढ पाये हैं लेकिन वर्ष 2011 में मैट्रिक परीक्षा प्रथम श्रेणी से पास करने पर मिलने वाली दस हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि भी उठ गयी, तो किसने बैंक से राशि का उठाव किया. ऐसे में वर्ष 2016 में इंटर टॉपर बनने वाली वैशाली की रुबी राय की तरह ही एक बार फिर वर्ष 2013 के टॉपर की सूची पर प्रश्नचिह्न खड़ा हो गया है.
पिंकी उर्फ आस्था आनंद की कहानी अनसूलझी : बताया जाता है कि आस्था आनंद का असली नाम पिंकी कुमारी है. जो उस वक्त दूसरे प्रमाण पत्र पर मध्य विद्यालय बोरना में संचालित कस्तूरबा विद्यालय वार्डेन पद पर कार्यरत थीं. पूरे प्रकरण में अब तक सामने आये तथ्य तो यही इशारा कर रहे हैं कि आस्था आनंद का ही नाम पिंकी है. 2013 में इंटर आर्ट्स टॉपर बनने के बाद हुए खुलासे के बीच मचे बवाल के कारण उसे इस नौकरी से भी हटा दिया गया. लेकिन तत्कालीन डीइओ
श्यामबाबू राम से नजदीकी के कारण आस्था आनंद के टॉपर वाले इंटर के प्रमाण पत्र रद्द करने की फाइल शिक्षा विभाग में दबी रही. तत्कालीन डीएम संजय सिंह, राजीव रौशन के कार्यकाल में भी जोरशोर से कार्रवाई की कोशिश हुई लेकिन इसे अमलीजामा नहीं पहनाया जा सका. एक बार फिर वर्तमान डीएम जय सिंह ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों पर शिकंजा कसा तो मजबूरन डीइओ डॉ सिंह ने 5 नवंबर को बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के सचिव को पत्र भेज कर आस्था आनंद के प्रमाण पत्र रद्द करने की अनुशंसा कर दी है.
बिहार में आठवां स्थान लाने वाली आस्था आनंद की मां ने कहा, इस नाम की मेरी कोई बेटी नहीं
सीओ द्वारा डीएम को भेजी रिपोर्ट में आस्था आनंद नाम की कोई लड़की नहीं मिलने का हुआ खुलासा
डीइओ ने इंटर का प्रमाणपत्र रद्द करने के लिये बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के सचिव को भेजा पत्र
2013 में शारदा गिरधारी लाल कॉलेज,महेशखूंट से इंटर आर्ट्स की परीक्षा में शामिल हुई थी आस्था
पिंकी नाम से गोगरी के कस्तूरबा विद्यालय में वार्डेन पद पर नौकरी करने का हुआ था खुलासा
वर्ष 2013 में इंटर आर्ट्स की बिहार की आठवीं टॉपर आस्था आनंद के कागजात में दिये गये पता के स्थल निरीक्षण के दौरान उसकी मां माला देवी ने कहा कि मेरी चार बेटी है. जिसमें आस्था आनंद नाम की मेरी कोई बेटी नहीं है. इंटर टॉपर का कोई अता-पता नहीं चलने की रिपोर्ट डीएम को भेज दी गयी है. सबसे बड़ा सवाल है कि आखिर जब आस्था आनंद नाम की कोई छात्रा है ही नहीं तो किसने परीक्षा दिया और इंटर टॉपर बन गयी.
चंदन कुमार, गोगरी सीओ.
गोगरी सीओ द्वारा डीएम को भेजी गयी पारिवारिक सूची सहित रिपोर्ट में आस्था आनंद नाम की छात्रा का कोई पता नहीं चलने की बात कही गयी है. इसके आधार पर वर्ष 2013 में महेशखूंट के शारदा गिरधारी कॉलेज से परीक्षा देने वाली इंटर आर्ट्स की आठवीं टॉपर आस्था आनंद के प्रमाण पत्र रद्द करने के लिये बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के सचिव को पत्र भेजा गया है.
डॉ ब्रज किशोर सिंह, डीइओ.
गोगरी सीओ की रिपोर्ट चौंकाने वाली है. जिसमें कहा गया है कि वर्ष 2013 में बिहार की आठवीं टॉपर बनी गोगरी की आस्था आनंद की मां ने लिखित प्रतिवेदन दिया है कि इस नाम की मेरी कोई बेटी ही नहीं है. यह बहुत ही गंभीर सवाल है कि आखिर इंटर आर्ट्स की आठवीं टॉपर आस्था आनंद कौन है? उसका कोई अता-पता क्यों नहीं चल पा रहा है. पूरे मामले की गहन जांच होगी.
जय सिंह, डीएम.
यह सच है कि आस्था आनंद नाम की छात्रा ने वर्ष 2013 में शारदा गिरधारी लाल कॉलेज महेशखूंट से ही इंटर आर्ट्स की आठवीं टॉपर बनी थी. उसके प्रवेश पत्र पर जो फोटो हैं वही आस्था आनंद है. हमें भी नहीं समझ में आ रहा है कि आखिर जो आस्था आनंद ने कॉलेज में क्लास किया, फार्म भी भरा, परीक्षा देने के बाद बिहार में आठवां स्थान लायी वह अचानक कहां गायब हो गयी.
रणधीर केशरी, शारदा गिरधारीलाल कॉलेज ट्रस्ट के अध्यक्ष.
मेरी चार बेटी है. जिसके नाम शारदा कुमारी, पिंकी कुमारी, खुशबू कुमारी, लूसी कुमारी है. आस्था आनंद नाम की मेरी कोई बेटी नहीं है.
माला देवी, आस्था आनंद की कथित मां.
नाम : आस्था आनंद उर्फ पिंकी
पिता : शिवाकांत पोद्दार
मां : माला देवी
पता : गांव-छोटीचक, जमालपुर, गोगरी
कॉलेज का नाम : शारदा गिरधारी लाल कॉलेज महेशखूंट
परीक्षा : इंटर आर्ट्स 2013
रिजल्ट : पूरे बिहार में आठवां स्थान

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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