ठंड बढ़ते ही बाजार में फैली तिलकुट की खुशबू

खगड़िया : बढ़ती ठंड के साथ शहर के बाजार तिल की सोंधी खुशबू से सुगंधित हो गया है. मकर संक्रांति के मौके पर तिलकुट का कारोबार अपने चरम पर पहुंच जाता है. इसे लेकर यहां के बाजार तिलकुट से सज गया है. 40 लाख से ऊपर का कारोबार : संक्रांति के करीब डेढ़ महीना पहले […]

खगड़िया : बढ़ती ठंड के साथ शहर के बाजार तिल की सोंधी खुशबू से सुगंधित हो गया है. मकर संक्रांति के मौके पर तिलकुट का कारोबार अपने चरम पर पहुंच जाता है. इसे लेकर यहां के बाजार तिलकुट से सज गया है.

40 लाख से ऊपर का कारोबार : संक्रांति के करीब डेढ़ महीना पहले से ही तिलकुट का व्यवसाय शुरू हो जाता है. कारीगरों को बाहर से बुलाकर तिलकुट बनवाने वाले दुकानदारों का कहना है कि एक सीजन में लाखों का कारोबार हो जाता है. बीते वर्ष कारोबार 40 लाख के पार पहुंच गया था. हालांकि इस बार नोटबंदी को लेकर दुकानदार असमंजस में भी है.
गया के कारीगरों का खगड़िया में धाक : खगड़िया का तिलकुट पूरे बिहार सहित पड़ोसी राज्यों में भी काफी प्रसिद्ध है. इस कारण शहर के दुकानदारों की ओर से गया के कारीगरों को बुलाकर उनसे तिलकुट बनवाया जाता रहा है. दुकानदार प्रशांत ने बताया कि यहां के कारीगर तिलकुट में स्वाद और सुंदरता नहीं दे पाते. गया के कारीगरों ने तिल, गुड़, खोआ व चीनी से तमाम तरह की तिलकुट ग्राहकों के लिए बनाया है. शहर के अलावा तमाम बाजारों में तिलकुट की दुकानें सजनी शुरू हो गयी हैं. बाजार में तरह-तरह के तिलकुट लोगों को सहज ही अपनी ओर खींच रहे हैं. ग्राहक भी अब ताजे तिलकुट का आनंद लेने लगे हैं.
अनारकली 240 रु प्रति किलो
खस्ता काजू 280 रु प्रति किलो
खस्ता अनार 280 रु प्रति किलो
खस्ता बिस्किट 240 रु प्रति किलो
चीनी कटोरा 260 रु प्रति किलो
खोआ खास्ता 400 रु प्रति किलो

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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