गोगरी : आधी आबादी के लिए खुशखबरी है, अब पिता चाहकर भी उन्हें अपनी संपत्ति से बेदखल नहीं कर पाएंगे. पिता की संपत्ति में बेटा-बेटी का समान हक होगा. अब वंशावली में पुत्र के साथ पुत्रियों का नाम जुटेगा.
राज्य सरकार ने इसकी अधिसूचना जारी करते हुए तत्काल प्रभाव से इसे लागू करने का आदेश निर्गत कर दिया है. वैसे नया कानून 20 दिसंबर 2014 के पूर्व हुए संपत्ति बंटवारे पर लागू नहीं होगा, चाहे बेटी को हिस्सा मिला हो या न मिला हो. हिन्दू उत्तराधिकार अधिनियम 1956 की धारा 6 के 5 में स्पष्ट कहा गया है कि पहले हो चुके बंटवारे नए कानून से अप्रभावी रहेंगे. लेकिन उसके बाद हुए बंटवारे पर हर हाल में नया कानून लागू होगा.
बता दें 2005 में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के तहत हिन्दू उत्तराधिकार अधिनियम 1956 की धारा 6 में संशोधन किया गया. इसके तहत पैतृक संपत्ति में पुत्री को पुत्र के बराबर हक दिया गया. कहा गया कि हिन्दू मिताक्षरा परिवार की वंशावली में पुत्रों के साथ पुत्रियों का नाम जोड़ना आवश्यक होगा. राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने वंशावली निर्माण में अब इसे अनिवार्य कर दिया है.
इसके पूर्व हिन्दू उत्तराधिकार कानून में बेटी के लिये पैतृक संपत्ति का अधिकार नहीं था. उसे सिर्फ जीविका का अधिकार दिया गया था. अब नये कानून ने इसे अनिवार्य कर दिया है. इससे संबंधित आदेश विभाग ने सभी सीओ को जारी करते हुए इसे तत्काल प्रभाव से लागू करने का आदेश दिया है.
