अलौली. अधिकांश ग्राम कचहरी द्वारा निर्गत वंशावली फर्जी साबित हो रही है. इस कारण फसल क्षति आवेदन के साथ लगायी गयी वंशावली फर्जी साबित हो रही है. बताया जाता है कि कुछ लोग फर्जी मुहर बनाकर फर्जी वंशावली बनाने का ही काम कर रहे हैं. ग्राम कचहरी निचली इकाई का न्यायालय है, जो सरकारी मान्यता प्राप्त है. यहां तक नियम संगत बनाये गये प्रमाण पत्र कभी गलत नहीं हो सकते हैं. सरपंच को व्यक्तिगत कोई अधिकार प्राप्त नहीं है . परंतु जो सरपंच कचहरी की व्यवस्था को ताक में रख कर अपनी मर्जी से लोगों को खुश करने के लिए ऐसा करते हैं तो वह अमान्य होगा.उक्त बात की जानकारी प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी धीरेंद्र साह ने देते हुए बताया कि ग्राम कचहरी के न्यायपीठ से बनी वंशावली कभी गलत नहीं हो सकता है. उसकी मान्यता कहीं भी मान्य होगी. बीडीओ राकेश कुमार ने बताया कि ग्राम कचहरी समाज की भावना के अनुसार काम नहीं कर ग्राम कचहरी संचालन नियमावली के अनुरुप कार्य करें. वैधानिक प्रक्रिया से कार्य का संचालन करें तो परिणाम बेहतर होगा. वहीं सीओ चौधरी वसंत कुमार सिंह ने बताया कि ग्राम कचहरी वंशावली प्रमाण पत्र देने में न्यायपीठ से निर्णय लेकर देते है.
ग्राम कचहरी में बनायी जा रही फर्जी वंशावली
अलौली. अधिकांश ग्राम कचहरी द्वारा निर्गत वंशावली फर्जी साबित हो रही है. इस कारण फसल क्षति आवेदन के साथ लगायी गयी वंशावली फर्जी साबित हो रही है. बताया जाता है कि कुछ लोग फर्जी मुहर बनाकर फर्जी वंशावली बनाने का ही काम कर रहे हैं. ग्राम कचहरी निचली इकाई का न्यायालय है, जो सरकारी मान्यता […]
