जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश षष्ठम सह विशेष न्यायाधीश पॉक्सो न्यायालय ने सुनाया सजा शादी से इंकार करने पर पीड़िता दर्ज करायी थी प्राथमिकी खगड़िया. शादी का झांसा देकर यौन शोषण करने के आरोपित को जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश षष्ठम सह विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अतुल कुमार पाठक ने 20 साल का सश्रम कारावास सहित 50 हजार रुपए जुर्माना की सजा सुनाया है. जुर्माना की राशि नहीं देने पर आरोपित को छह माह का अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतना होगा. पौरा थाना क्षेत्र के सहरौन गांव निवासी शंकर सिंह के पुत्र रौशन कुमार को सश्रम कारावास की सजा सुनायी गयी है. न्यायाधीश ने पीड़िता के पक्ष में प्रतिकर राशि 5 लाख रूपये की अनुशंसा किया है. पॉक्सो कोर्ट के विशेष लोक अभियोजक राजीव कुमार रमण ने बताया कि पीड़िता सहित नौ गवाहों की गवाही कराई गई थी. बचाव पक्ष से अधिवक्ता बिपिन कुमार सिंह तथा अजय कुमार यादव ने दलील दिया. मालूम हो कि घटना बीते अक्टूबर 2022 की है. पीड़िता ने प्राथमिकी में रौशन कुमार के अलावे उसके पिता,मां,भाई सहित कुल 8 लोगों को आरोपित की थी. पीड़िता ने पुलिस को बताया था कि शादी का झांसा देकर रौशन कुमार एक वर्ष तक उसके साथ शारीरिक संबंध बनाते रहा. उसी बीच वो गर्भवती हो गई थी. जब वह गर्भवती होने की जानकारी दी तो रौशन ने गर्भपात की दवा खिला दिया. लेकिन समय अधिक हो जाने के कारण गर्भपात नहीं हो सका. पीड़िता द्वारा रौशन पर शादी का दबाव दिया गया. लेकिन, रौशन ने शादी करने से इंकार कर दिया.जब पीड़िता के मां पिता को घटना की जानकारी मिली तो प्रबुद्ध लोगों को बुलायी गयी. लेकिन, रौशन लोगों की बात मानने से इंकार कर दिया.
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