jehanabad News : राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) की ओर से संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी एवं विधिक जागरूकता योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर पैनल अधिवक्ताओं एवं पारा विधिक स्वयंसेवकों के साथ महत्वपूर्ण बैठक हुई. बैठक में नालसा जागृति योजना, नालसा डॉउन योजना एवं नालसा संवाद योजना के उद्देश्यों, कार्यप्रणाली और आम लोगों तक इन योजनाओं का लाभ पहुंचाने के उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई.
जरूरतमंद वर्गों तक विधिक सेवा पहुंचाने पर जोर दिया
बैठक में पैनल अधिवक्ताओं एवं पारा विधिक स्वयंसेवकों को निर्देश दिया गया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभाएं और जरूरतमंद एवं वंचित लोगों को निःशुल्क विधिक सहायता, उनके अधिकारों तथा उपलब्ध सरकारी एवं विधिक सेवा योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराएं. समाज के कमजोर, गरीब, असहाय एवं जरूरतमंद वर्गों तक विधिक सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया.
जरूरतमंदों को विधिक सेवा संस्थाओं से जोड़ने पर जोर
बैठक में पात्र लोगों की पहचान कर उन्हें विधिक सेवा संस्थाओं से जोड़ने की बात कही गई. पारा विधिक स्वयंसेवकों को आम लोगों के बीच विधिक जागरूकता फैलाने तथा योजनाओं से संबंधित शिकायतों और समस्याओं को संबंधित प्राधिकार के समक्ष रखने के प्रति सजग रहने का निर्देश दिया गया.
वक्ताओं ने कहा कि नालसा की योजनाओं का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा, जब विधिक सेवा संस्थाओं से जुड़ा प्रत्येक सदस्य संवेदनशीलता, तत्परता और समर्पण के साथ काम करते हुए समाज के अंतिम व्यक्ति तक न्याय और विधिक सहायता की पहुंच सुनिश्चित करेगा. बैठक में पैनल अधिवक्ताओं एवं पारा विधिक स्वयंसेवकों ने योजनाओं के सफल क्रियान्वयन में पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया.
मध्यस्थता अभियान और राष्ट्रीय लोक अदालत का प्रचार-प्रसार
प्राधिकार के सचिव ब्रजेश कुमार ने बताया कि प्राधिकार की ओर से स्थायी लोक अदालत, राष्ट्रीय लोक अदालत एवं मध्यस्थता अभियान का व्यापक प्रचार-प्रसार कर लोगों को इसके प्रति जागरूक किया जा रहा है. उन्होंने बताया कि मध्यस्थता अभियान 1 अक्टूबर से 31 दिसंबर तक चलेगा. इसके माध्यम से आम लोग अपने मुकदमों का त्वरित निष्पादन मध्यस्थता के जरिए करा सकते हैं. बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 सितंबर को किया जाएगा. लोगों से अपील की कि वे अपने लंबित मामलों के त्वरित एवं सुलहपूर्ण निष्पादन के लिए राष्ट्रीय लोक अदालत और अन्य विधिक सेवा योजनाओं का लाभ उठाएं.
