कुख्यात सोना लुटेरा सुबोध गैंग के शूटर रौशन तात्या की पटना सिविल कोर्ट में हत्या करने की सुपारी लेने वाले शूटर पृथ्वी को पटना पुलिस की टीम ने वैशाली के टाउन थाने के नक्खास चौक से गिरफ्तार कर लिया. उसकी निशानदेही पर गांधी मैदान इलाके के अंटाघाट से एक पिस्टल बरामद की गयी. पृथ्वी मूल रूप से वैशाली के सदर थाने के दिघी कला का रहने वाला है. इसके खिलाफ पटना व वैशाली में छह कांड दर्ज हैं. इसे वैशाली के बलवाकुंवारी के चंदन सिंह ने रौशन की हत्या करने के लिए 10 लाख की सुपारी दी थी. इसके बाद पृथ्वी अपने ग्रुप के साथ 28 जनवरी को सिविल कोर्ट में रौशन तात्या की हत्या करने के लिए हथियार लेकर आया था. लेकिन, गेट पर ही चेकिंग के दौरान वैशाली के बलवाकुंआरी के पीयूष को पिस्तौल के साथ गिरफ्तार कर लिया गया था. लेकिन, अमित व पृथ्वी फरार होने में सफल रहे. लेकिन, भागने के क्रम में ये दोनों अंटाघाट में ही झाड़ी में मिट्टी में पिस्टल व कारतूस को दबा कर फरार हो गये थे. बाद में पीयूष से पूछताछ के बाद पुलिस को अमित और पृथ्वी के नाम की जानकारी मिली थी. साथ ही पुलिस को यह भी जानकारी मिली थी कि ये लोग कोर्ट में रौशन की हत्या करने आये थे. इसके बाद पुलिस ने इस मामले में एक मार्च को पीएमसीएच के सामने मुठभेड़ में अमित को जख्मी कर गिरफ्तार कर लिया. इसके बाद पुलिस को पृथ्वी की तलाश थी. इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि पृथ्वी वैशाली के नक्खास चौक के पास है. इसके बाद पटना पुलिस की टीम ने छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर लिया. साथ ही इसकी निशानदेही पर अंटाघाट के पास से पिस्टल भी बरामद कर ली गयी. मालूम हो कि 28 जनवरी को सिविल कोर्ट उड़ाने की धमकी देने के बाद सुरक्षा कड़ी कर दी गयी थी और गहनता से तलाशी ली जा रही थी. सुबोध व चंदन गैंग में चलती है अदावत: सुबोध सिंह व चंदन सिंह पहले एक ही थे. लेकिन, सोना लूट के माल के बंटवारे को लेकर विवाद हो गया था. इसलिए चंदन सिंह सुबोध सिंह गैंग के रौशन तात्या की हत्या करा कर बदला लेना चाहता था. इसलिए उसने पृथ्वी, अमित व पीयूष को रौशन की हत्या के लिए 10 लाख की सुपारी दी थी.