हाजीपुर. पूर्व पीएचइडी मंत्री के खिलाफ कोर्ट में दायर परिवाद मामले में मंगलवार को सुनवाई हुई. इसके बाद ये मामला एमपी-एमएलए कोर्ट में सुनवाई के लिए न्यायाधीश द्वारा भेजा गया है. मालूम हो कि चेहराकला प्रखंड के रहने वाले सरफराज एजाज ने महुआ विधायक सह पूर्व मंत्री संजय सिंह के खिलाफ एक कोर्ट परिवाद दायर किया था. अप्रैल में दाखिल परिवाद में बताया गया था कि महुआ सिंह राय के रहने वाले संजय सिंह ने वैशाली महाविद्यालय, महुआ में वर्ष 1993 में वर्ग नवम् में नामांकन कराया था, जिसमें नाम संजय कुमार सिंह और जन्मतिथि 11 फरवरी 1980 बताई गई थी. लेकिन अगले ही वर्ष 1994 में हाईस्कूल सेहान में प्राइवेट छात्र के रूप में इन्होंने मैट्रिक की परीक्षा दी. जिसमें नाम संजय कुमार और जन्मतिथि 12 अप्रैल 1979 बताया गया. ये दोनों जानकारी संबंधित विद्यालय के सर्टिफिकेट में अंकित है. हाई स्कूल सेहान के रुप में मैट्रिक की परीक्षा उत्तीर्ण होने के बाद इसी जन्मतिथि के आधार पर राजापाकर के भलुई स्थित संत कबीर महंत रविंद्र दास ब्रह्मचारी महाविद्यालय में इंटरमिडिएट में वर्ष 1998 में नामांकन कराया. इस संबंध में सरफराज ने आरोप लगाया है कि जो छात्र वर्ष 1993 में वैशाली महाविद्यालय महुआ के नौंवी क्लास का छात्र था वह वर्ष 1994 में दसवी क्लास में जाता और 1995 में मैट्रिक की परीक्षा पास करता वह 1994 में ही मैट्रिक परीक्षा पास कर लिया. इस संबंध में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी के यहां परिवाद संख्या 838 /2026 दर्ज किया गया है.
Hajipur News : पूर्व मंत्री पर कोर्ट परिवाद मामले में सुनवाई, एमपी-एमएलए कोर्ट में गया मामला
हाजीपुर. पूर्व पीएचइडी मंत्री के खिलाफ कोर्ट में दायर परिवाद मामले में मंगलवार को सुनवाई हुई. इसके बाद ये मामला एमपी-एमएलए कोर्ट में सुनवाई के लिए न्यायाधीश द्वारा भेजा गया है.
