गोपालगंज : सदर अस्पताल में पहली बार बेटी होने की खुशी में एक परिवार ने ऐसी मिसाल पेश की है. इस परिवार ने दूसरे की जिंदगी बचाने के लिए रक्तदान किया. दरअसल मांझा प्रखंड के छवही गांव के निवासी सुबास राम की पत्नी को सदर अस्पताल में बेटी हुई. वहीं दूसरी तरफ अस्पताल में ही भरती सीवान जिले के दरौली थाना क्षेत्र के बलूही गांव निवासी मोहन साह गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे.
बेटी होने की खुशी में पिता ने किया रक्तदान
गोपालगंज : सदर अस्पताल में पहली बार बेटी होने की खुशी में एक परिवार ने ऐसी मिसाल पेश की है. इस परिवार ने दूसरे की जिंदगी बचाने के लिए रक्तदान किया. दरअसल मांझा प्रखंड के छवही गांव के निवासी सुबास राम की पत्नी को सदर अस्पताल में बेटी हुई. वहीं दूसरी तरफ अस्पताल में ही […]

डॉक्टरों ने ब्लड की जरूरत बतायी. सुबास राम ने बेटी होने की खुशी में ब्लड देने का मन बना लिया. उसने कहा कि दुनिया में बेटी से बड़ा कोई धन नहीं है. आज बेटी है, तभी कल है. मौके पर बिहार ब्लड डोनर टीम के सदस्य शाह आलम, अफाक खान, आसिफ दयाल, मो अनवर अली, लालबाबू साह, तनवीर आलम, नितेश कुमार आदि मौजूद थे.
कैसा आया जज्बा : ब्लड डोनेट करनेवाले सुबास राम ने बताया कि मुझे रक्तदान की अहमियत तब हुई, जब गांव में एक बेटी गंभीर बीमारी से जूझ रही थी. उस समय भी मैंने रक्तदान किया था. उस दिन से मैंने बिटियों के लिए रक्तदान करने का संकल्प लिया. उसने अपनी बेटी के हर बर्थडे पर रक्तदान करने की बात कही.