बारिश ने खोली गांव से शहर तक की व्यवस्था की पोल

अनदेखी. कहीं सड़क पर तालाब, कहीं गड्ढे में सड़क गोपालगंज : शहर के बंजारी मोड़ से बंजारी गांव तक जानेवाली सड़क पर इन दिनों दो फुट पानी जमा है. यह शहरी क्षेत्र है. तालाब बनी सड़क पर परिचालन पूरी तरह ठप है. व्यवस्था पर नजर डाली जाये तो विगत तीन वर्षों से इस सड़क की […]

अनदेखी. कहीं सड़क पर तालाब, कहीं गड्ढे में सड़क

गोपालगंज : शहर के बंजारी मोड़ से बंजारी गांव तक जानेवाली सड़क पर इन दिनों दो फुट पानी जमा है. यह शहरी क्षेत्र है. तालाब बनी सड़क पर परिचालन पूरी तरह ठप है. व्यवस्था पर नजर डाली जाये तो विगत तीन वर्षों से इस सड़क की हालत जर्जर बनी हुई है. प्रतिदिन इस गांव के दो हजार से अधिक की आबादी जहां इस सड़क से गुजरती है, वहीं एक दर्जन से अधिक गांवों को भी यह सड़क शहर से जोड़ती है.
इस सड़क किनारे बसा है हरसन हॉस्पिटल जो ट्रामा सेंटर के नाम से प्रसिद्ध है. शहर में इलाज की सुविधा होते हुए भी घायल अन्यत्र जाने को विवश हैं. सवाल यह उठता है कि आखिर इस बदहाली के लिए जिम्मेवार कौन है और इस समस्या से निजात कब मिलेगी ? सड़क की स्थिति में सुधार नहीं किया गया तो इस बरसात परिचालन पूरी तरह ठप रहेगा. इसको लेकर लोगों में आक्रोश है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >