गया में दर्दनाक हादसा: 15 दिन पहले फंदे पर लटकी थी मां, अब हत्या के आरोपी दादा के साथ भाग रहे 13 महीने के मासूम की नाद में डूबकर मौत
सरबहदा थाना क्षेत्र के सिरसिया गांव में एक दर्दनाक और हैरान करने वाली घटना सामने आयी है. यहां 15 दिन पहले अपनी मां को खोनेवाले 13 महीने के मासूम सत्यम कुमार की पानी से भरे नाद (पशुओं को चारा खिलाने का पात्र) में डूबने से मौत हो गयी.
खिजरसराय.
सरबहदा थाना क्षेत्र के सिरसिया गांव में एक दर्दनाक और हैरान करने वाली घटना सामने आयी है. यहां 15 दिन पहले अपनी मां को खोनेवाले 13 महीने के मासूम सत्यम कुमार की पानी से भरे नाद (पशुओं को चारा खिलाने का पात्र) में डूबने से मौत हो गयी. यह हादसा सीधे तौर पर लापरवाही का नतीजा है, क्योंकि बच्चे की मां की संदिग्ध मौत के बाद से ही परिवार के लोग हत्या के केस और पुलिस की गिरफ्तारी से बचने के लिए छिपते फिर रहे थे. जानकारी के मुताबिक, 15 दिन पहले सत्यम की मां रूधा कुमारी का शव फंदे से लटकता मिला था. इस मामले में रूधा के मायके वालों ने स्थानीय थाने में ससुराल पक्ष पर हत्या की नामजद प्राथमिकी दर्ज करायी थी. पुलिसिया कार्रवाई के डर से बच्चे का दादा कैलू यादव मासूम सत्यम को लेकर सिरसिया गांव में छिपा हुआ था. छिपने की इस अफरातफरी में मासूम बच्चे की सही तरीके से देखरेख नहीं हो सकी. इसी लापरवाही के बीच मासूम सत्यम खेलते-खेलते सरकते हुए मवेशियों के पानी पीने वाले नाद के पास पहुंच गया और उसमें गिर गया. काफी देर तक जब बच्चे पर किसी की नजर नहीं पड़ी, तो खोजबीन शुरू हुई. इसके बाद उसे नाद से निकालकर तुरंत सरबहदा के एक निजी क्लिनिक ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया. घटना की सूचना मिलते ही सरबहदा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मगध मेडिकल कॉलेज भेज दिया है. सरबहदा थाना प्रभारी निशा कुमारी ने बताया कि बच्चे की मौत पानी में डूबने से हुई है. पुलिस मां की मौत से जुड़े पिछले केस और इस हादसे, दोनों पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की विस्तृत जांच कर रही है.रिपोर्ट : अमिमाभ रंजन.