दरभंगा एयरपोर्ट के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में प्रशासनिक तैयारी तेज हो गई है. केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआइएसएफ) के कार्यालय एवं आवासीय परिसर के निर्माण के लिए सोमवार को जिलाधिकारी कौशल कुमार ने प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया. करीब सात एकड़ भूमि की उपलब्धता और निर्माण के लिहाज से उसकी उपयुक्तता का जायजा लिया गया.
एयरपोर्ट के पास प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण
डीएम कौशल कुमार ने सीआइएसएफ कार्यालय और आवासीय परिसर के लिए प्रस्तावित स्थल की भौतिक स्थिति देखी. उन्होंने अधिकारियों से जमीन की उपलब्धता, स्थल की स्थिति और निर्माण से संबंधित आवश्यक पहलुओं की जानकारी ली. निरीक्षण के दौरान यह भी देखा गया कि प्रस्तावित भूमि कार्यालय और आवासीय परिसर के लिए कितनी उपयुक्त है.
करीब सात एकड़ जमीन की जरूरत
सीआइएसएफ परिसर के निर्माण के लिए करीब सात एकड़ भूमि की आवश्यकता बतायी गयी है. इसी को लेकर प्रशासनिक स्तर पर जमीन उपलब्ध कराने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है. डीएम ने संबंधित अधिकारियों से भूमि की स्थिति और इससे जुड़ी प्रक्रियाओं की जानकारी प्राप्त की.
नियमानुसार पूरी होगी भूमि की प्रक्रिया
निरीक्षण के दौरान डीएम ने अधिकारियों को भूमि उपलब्धता से संबंधित सभी प्रक्रियाएं नियमानुसार पूरी करने का निर्देश दिया. उन्होंने आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई समय पर पूरी करते हुए निर्माण से जुड़े कार्यों को आगे बढ़ाने को कहा. इससे प्रस्तावित परिसर के निर्माण की दिशा में आगे की प्रक्रिया तेज होने की उम्मीद है.
कार्यालय के साथ बनेगा आवासीय परिसर
प्रस्तावित स्थल पर सीआइएसएफ के कार्यालय के साथ आवासीय परिसर भी विकसित किया जाना है. डीएम ने स्थल की पहुंच, उपलब्ध सुविधाओं और निर्माण की संभावनाओं से जुड़े विभिन्न पहलुओं का जायजा लिया. अधिकारियों ने प्रस्तावित निर्माण को लेकर स्थल की स्थिति की जानकारी भी दी.
एयरपोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था को मिलेगा आधार
दरभंगा एयरपोर्ट के नजदीक सीआइएसएफ का कार्यालय और आवासीय परिसर बनने से सुरक्षा बल के अधिकारियों और जवानों के लिए आवश्यक आधारभूत सुविधा विकसित होगी. फिलहाल प्रशासनिक स्तर पर भूमि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने पर जोर है. निरीक्षण के दौरान संबंधित अंचलाधिकारी, सीआइएसएफ के पदाधिकारी और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे.
यह भी पढे़ं:
बेनीपुर में धान के खेतों में दरारें, राजकीय नलकूपों के बंद होने से सिंचाई संकट गहराया
