कैंपस- आखिर जांच समिति के वैध संयोजक कौन ?दरभंंगा. कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के भू -संपदा अधिकारी डा उमेश झा एवं विद्यानंद संस्कृत महाविद्यालय दरभंगा के सहायक प्राचार्य डा धैर्यनाथ चौधरी के बीच हुए मारपीट के घटना की जांच के लिए कु लपति डा देवनारायण झा के आदेश पर गठित जांच समिति स्वयं जांच के दायरे में आता प्रतीत हो रहा है. 17 दिसंबर की देर शाम तक धरना पर न्याय की मांग को लेकर बैठे विवि परिसर स्थित आवास में रहने वाले कर्मी सुनील सिंह एवं सहायक प्राचार्य डा धैर्यनाथ चौधरी के आवेदन के आलोक में कुलपति ने प्रतिकुलपति डा नीलिमा सिंहा के संयोजकत्व में यथाशीघ्र इस मामले की जांच कर प्रतिवेदना समर्पित करने का आदेश दे दिया. वहीं 18 दिसंबर से प्रतिकुलपति को कुलपति का प्रभार भी 27 दिसंबर तक के लिए कुलपति ने सौंपा. प्रतिकुलपति ने कुलपति के प्रभार में रहने को लेकर अपने को जांच समिति के संयोजक होने को अवैध बताते हुए संकायाध्यक्ष डा. विद्येश्वर झा को संयोजक बनाने का आदेश दे दिया. अब यक्ष प्रश्न यह उठता है कि विधिसम्मत वैध संयोजक आखिर कौन होंगे. प्रतिकुलपति द्वारा बनाया गया या फिर कुलपति द्वारा. वहीं सोमवार तक इस जांच समिति के सदस्य समन्वयक महाविद्यालय विकास परिषद डा. शिवलोचन झा एवं कुलानुशासक डा चौठी सदाय को जांच के लि विवि प्रशासन की ओर से कोई पत्र बतौर सदस्य प्राप्त नहीं हुआ है. ऐसी परिस्थिति में जांच कैसी और कब होगी, इसका अनुमान सहज लगाया जा सकता है.
कैंपस- आखिर जांच समिति के वैध संयोजक कौन ?
कैंपस- आखिर जांच समिति के वैध संयोजक कौन ?दरभंंगा. कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के भू -संपदा अधिकारी डा उमेश झा एवं विद्यानंद संस्कृत महाविद्यालय दरभंगा के सहायक प्राचार्य डा धैर्यनाथ चौधरी के बीच हुए मारपीट के घटना की जांच के लिए कु लपति डा देवनारायण झा के आदेश पर गठित जांच समिति स्वयं जांच […]
