उम्मीद. प्रधान सचिव ने कहा, पटना लौटते ही करूंगा पहला काम
दरभंगा : दोनार से टिनही पुल के बीच बहुप्रतिक्षित नाला निर्माण का कार्य शुरू होने की संभावना बढ़ गयी है. निगम में आयोजित विशेष शिविर में भाग लेने यहां पहुंचे नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव चैतन्य प्रसाद ने इसके संकेत दिये हैं. उन्होंने कहा कि पटना वापस लौटते ही पहला काम यही करूंगा, ताकि निर्माण कार्य तुरंत शुरू हो सके. शिविर में भाग लेने के बाद श्री प्रसाद ने दोनार से टिनही पुल तक प्रस्तावित नाला निर्माण स्थल का मुआयना भी किया.
श्री प्रसाद ने कहा कि शिविर के बहाने नगर में जलजमाव की स्थिति का मुआयना करने आया हूं. छपरारघाट में भूमि अधिग्रहण नहीं होने से उत्पन्न अवरोध को समाप्त किया जायेगा, ताकि जलनिकासी की व्यवस्था और बेहतर की जा सके. खुले में नगर को शौचमुक्त करने को ले पार्षदों को प्रण लेना होगा. इसके बाद ही स्वच्छ भारत मिशन का सपना पूरा हो सकेगा. इससे पूर्व श्री प्रसाद ने शिविर में विभिन्न योजना के 605 लाभुकों के बीच चार करोड़ का कार्यादेश वितरित किया.
केंद्र को भेजा जाएगा तालाबों के सौंदर्यीकरण का प्रोजेक्ट: प्रधान सचिव ने कहा कि नगर के तीन तालाबों के सौदर्यीकरण के लिये प्रोजेक्ट तैयार किया गया है. इसे केंद्र सरकार को भेजा जा रहा है. जलजमाव या जाम के लिये विशेष कर अतिक्रमण समस्या बनी हुयी है. इसके लिए डीएम से मिलकर नगर आयुक्त कार्ययोजना तैयार करेंगे.
नगर विधायक संजय सरावगी ने कहा कि गरीबों के लिये समर्पित रहने वाली यह सरकार है. सरकार बनने के चार दिन बाद प्रधान सचिव का निगम आना यह संकेत है, कि यहां विकास का रथ दौड़ेगा. मिथिला के मुख्यालय को ऐसे ही नहीं छोड़ा जायेगा. श्री सरावगी ने कहा कि आवास व शौचालय निर्माण में पैसा लिये जाने की शिकायत मिल रही है. लाभुकों से पैसा लेने वाले सतर्क हो जाय. यह धंधा तुरंत बंद करें. विधायक श्री सरावगी ने प्रधान सचिव से निगम कार्यालय में जाति,
आय, आवासीय आदि प्रमाण-पत्र बनाये जाने को लेकर एक आरटीजीएस कांउटर खोले जाने की मांग की. डिप्टी मेयर बदरूजमा खा ने कहा कि कचरा के निस्तारण को ले जमीन खरीद किये जाने की जरूरत बतायी. मंच संचालन नगर आयुक्त नागेन्द्र कुमार सिंह ने किया. मौके पर मधुवाला सिन्हा, पूजा मंडल, देवकी देवी, बेला देवी, आशा किशोर प्रजापति, मंजू देवी, सोहन यादव, अजय जालान, के अलावा नोडल
अधिकारी कुमार सर्वानंद, नगर प्रबंधक नरोत्तम कुमार साम्राज्य, नगर अभियंता रतन किशोर वर्मा, राजस्व पदाधिकारी प्रजापति मिश्र, सहायक अभियंता सउद आलम, अनिल चौधरी, उदयनाथ झा, संजय शरण सिंह, जितेन्द्र कुमार, नंदन मिश्र, चंदन कुमार मौजूद थे.
सर्किट हाउस में की बैठक: शिविर में भाग लेने प्रधान सचिव करीब 12 बजे पहुंचे थे. यहां करीब एक घंटा रहने के बाद मेयर, नगर विधायक, विधान पार्षद अर्जुन सहनी, डिप्टी मेयर, नगर आयुक्त आदि के साथ वे सर्किट हाउस में बुडको के अभियंता के साथ बैठक किये. इसके बाद छपरार घाट व दोनार टिनही पुल मार्ग का मुआयना कर पटना लौट गये.
तंग जगह से परेशानी: पंडाल तंग होने व उमस भरी गर्मी से लाभुक का हाल बेहाल रहा. चार पंखा राहत पहुंचाने में नाकाफी साबित हो रहा था. लोग निगम भवन व पेड़ के नीचे जगह तलाश करते नजर आये.
शिविर में 605 लाभुकों में चार करोड़ का कार्यादेश वितरित
फुटपाथी दुकानदारों को दिया गया परिचय पत्र
प्रधान सचिव श्री प्रसाद ने फुटपाथी दुकानदारों को परिचय पत्र प्रदान किया. उन्होंने कहा कि यह केवल पहचान पत्र है. इधर-उधर दुकान लगाये जाने का लाइसेंस नहीं है. वेडिंग जोन निर्माण की पहल की जा रही है, लेकिन सभी को दुकान मिलेगा ही, यह कहना संभव नहीं है. इसके लिए जगह का अभाव है.
मेगा शिविर का आयोजन
मेयर बैजयंती देवी खेड़िया की अध्यक्षता में आवास योजना, स्वच्छ भारत मिशन एवं डे-एनयूएलएम के अंर्तगत लाभार्थियों को भेजी गयी राशि के कार्यादेश को ले शनिवार को मेगा शिविर का आयोजन किया गया था. मेयर श्रीमति खेड़िया ने कहा कि दो माह में यहां काफी काम हुआ है. इतिहास में पहली बार प्रधान सचिव निगम कार्यालय पहुंचे हैं. निगम क्षेत्र लगातार जलजमाव की समस्या से जूझ रहा है. छपरार घाट स्थित भूमि अधिग्रहण करने तथा दोनार-टिनही पुल के बीच नाला का निर्माण हो जाने से जलजमाव से मुक्ति मिल जायेगी. उन्होंने निगम में कर्मचारियों का कई पद रिक्त रहने से काम प्रभावित होने का भी मामला उठाया.
प्रधान सचिव के आगमन को ले सड़क से पानी उपछा
प्रधान सचिव की नजर टाउन हाल के सामने जलजमाव पर नहीं पड़े, इसके लिये निगम कर्मी सड़क के पानी को बर्तन से उपछ रहे थे. सड़क से पानी कम होने का नाम नहीं ले रहा था. इसे लेकर कर्मी का हाल बेहाल रहा.
विरोध जताने पहुंचे
जलजमाव से त्रस्त लोग
जलजमाव से त्रस्त मुहल्लेवासी पूर्व पार्षद अब्दुससलाम खां के नेतृत्व में विरोध जताने तख्ती लेकर पहुंचे थे. इनलोगों का कहना था कि या तो जलजमाव समाप्त की जाए अन्यथा उग्र आंदोलन को मजबूर होंगे. नगर विधायक श्री सरावगी ने सभी को बुलाकर प्रधान सचिव की ओर से समस्या के समाधान का आश्वासन दिया. इसके बाद लोग शांत हुए.
