चाईबासा : चाईबासा के पुलिस इंस्पेक्टर प्रेम मोहन प्रसाद मेहता को एसीबी ने शुक्रवार को 18 हजार रुपये घूस लेते रंगे हाथ पकड़ लिया. दोपहर लगभग दो बजकर 25 मिनट पर एसीबी टीम ने सदर थाना परिसर में धावा बोलकर प्रेम मोहन को दबोच लिया, जब वह घूस की रकम वसूल रहा था.
सदर थाने के पुलिस इंस्पेक्टर प्रेम मोहन सड़क दुर्घटना के एक केस में तांतनगर प्रखंड के भरभरिया निवासी शैलेश केशरी का नाम हटाने के लिए घूस ले रहा था. शैलेश से कुल 20 हजार रुपये की डिमांड की गयी थी. शैलेश 18 हजार रुपये देने पहुंचे थे. उसी समय एसीबी की टीम ने प्रेम मोहन को पकड़ लिया.
मिली जानकारी के अनुसार, बीते 30 अप्रैल को तांतनगर के भरभरिया में बालू लदे एक ट्रेक्टर से दुर्घटना हो गयी थी जिसमें शंकर सोय नामक व्यक्ति की मौत हो गयी. मामले में पुलिस ने शैलेश केशरी को ट्रैक्टर का मालिक बताकर केस कर दिया, जबकि वह ट्रैक्टर का मालिक नहीं है. दरअसल, ट्रैक्टर में लदा बालू शैलेश के चाचा के यहां जा रहा था. केस की छानबीन में सच्चाई सामने आ भी गयी. उसके बाद इंस्पेक्टर ने प्राथमिकी से शैलेश का नाम हटाने के एवज में 20 हजार रुपये की मांग कर दी. शैलेश ने यह सूचना एसीबी को दे दी.
एसीबी की टीम कागजी कार्रवाई करने के बाद प्रेम मोहन को अपने साथ जमशेदपुर ले गयी है. प्रक्रिया के दौरान चाईबासा मुख्यालय डीएसपी समेत थाना प्रभारी व अन्य पुलिस अधिकारी उपस्थित थे.
