आक्रोश . जलजमाव की आशंका से चिंतित ग्रामीणों ने सड़क पर उतर कर जताया विरोध
प्रदर्शनकािरयों ने कहा, उपेक्षा के कारण वार्ड सात व आठ से जलनिकासी का मार्ग हो गया बंद
जगदीशपुर : नौतन अंचल के झखरा पंचायत स्थित जल निकासी के लिए बनाया गया नाला वर्षों से ध्वस्त है. इसके निर्माण के लिए ग्रामीण कई वर्ष से संघर्षरत हैं. किंतु किसी भी स्तर पर इसके निर्माण की चिंता नहीं है. बरसात की धमक से वार्डों में जलजमाव होने की आशंका से चिंतित ग्रामीणों ने बुधवार को सड़क पर उतरकर अपने आक्रोश का इजहार किया और बरसात के पूर्व नाला निर्माण की मांग प्रशासन से करते हुए कहा कि एक सप्ताह में इसका निर्माण पूरा किया जाय.
साथ ही जून के प्रथम सप्ताह में आंदोलन की चेतावनी भी दी. उनका कहना था कि यदि मई माह के अंत तक ध्वस्त नाला का निर्माण नहीं हुआ तो वे आंदोलन को बाध्य होंगे और इसकी सारी जवाबदेही प्रशासन की होगी. आंदोलनकारियों का नेतृत्व करते हुए झखरा पंचायत के पंचायत समिति सदस्य नेक महम्मद अंसारी ने बताया कि इस नाला के जरिए वार्ड सात व आठ का पानी धनौती नदी में गिराया जाता है.
लेकिन नाला के ध्वस्त होने से अभी ही जलजमाव की समस्या उत्पन्न हो रही है और जीना दुश्वार हो गया है. ऐसे में बरसात में यहां भयावह स्थिति से ग्रामीण बेचैन हैं. उन्होंने बताया कि इस नाला के निर्माण के लिए मुखिया और बीडीओ को कई बार आवेदन देकर निर्माण की गुहार की गयी. लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई. आंदोलनकारियों ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं हुई तो वे जिला समाहरणालय के समक्ष प्रदर्शन को विवश होंगे. आंदोलनकारियों में वार्ड सदस्य राजपति देवी, बदरी यादव, जैतून नेशा, संतोष यादव, खुरदीन अंसारी, नागेंद्र यादव, मनीर अंसारी, पलट मियां, शाह मुहम्मद अंसारी समेत अन्य ग्रामीण मौजूद रहे.
शिक्षकों के नहीं आने पर छात्रों ने किया प्रदर्शन : जगदीशपुर . नौतन प्रखंड के राजकीय प्राथमिक विद्यालय घोठा टोला मडूआहां के छात्र-छात्राओं ने बुधवार को सुबह आठ बजे विद्यालय बंद रहने और शिक्षकों के नहीं आने पर आक्रोशित हो गये और इसके खिलाफ हंगामा करते हुए प्रदर्शन किया. प्रदर्शनकारी छात्र-छात्राओं में दीपक कुमार, ऋतुराज कुमार, खुशबु कुमारी, नेहा कुमारी, सरोज कुमारी, पूजा कुमारी, शीला कुमारी, ममता कुमारी, नीरज कुमार, नीतेश कुमार, सन्नी कुमार, रोहित कुमार का आरोप था कि समय से विद्यालय नहीं खुलता. प्रधानाध्यापिका समेत अन्य शिक्षक आठ बजे से पहले नहीं आते.
छात्रों के हंगामा व प्रदर्शन को देखते हुए कई अभिभावक भी पहुंच कर उनसे इसकी जानकारी ली और प्रधानाध्यपिका किरण कुमारी से इस संबंध में बातचीत की. प्रधानाध्यापिका ने कहा कि वे विशेषावकाश में है. इसलिए उन्हें यह पता नहीं है कि विद्यालय कब खुलेगा. इधर अभिभावकों ने इस मामले में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी श्रीनिवास राम से यह शिकायतें की. बीईओ श्री राम ने इस मामले में जांचोपरांत कार्रवाई का आश्वासन दिया.
