जिले में कक्षा आठ तक पढ़नेवालों की संख्या है 7.50 लाख
जून तक 6.37 लाख छात्रों का आधार कार्ड बनना कठिन
बेतिया : एमडीएम योजना के लिए आधार कार्ड की अनिवार्यता के नियम को लेकर जिले में जुबानी जंग छिड़ गयी है. आमजनों की जहां इस नियम पर राय है कि इससे एमडीएम योजना में पारदर्शिता आयेगी, भ्रष्टाचार रुकेगा वहीं प्रशासन के लिए यह नियम चुनौती बनकर उभरा है. कारण कि जिले में सरकारी स्कूलों में कक्षा आठ तक की पढ़ाइ करने वाले 7.50 लाख छात्रों में से महज 1.13 लाख छात्रों का ही आधार कार्ड बन सका है. ऐसे में जून माह तक शेष 6.37 लाख छात्रों को आधार कार्ड मुहैया कराना टेढ़ी खीर है.
खास बातें
एमडीएम योजना के लिए आधार अनिवार्यता के नियम के बाद उठे सवाल, जून तक आधार मुहैया कराना चुनौती
जिले के प्रारंभिक विद्यालयों में नामांकिन हैं 7.50 लाख छात्र
कार्ड बनाने की प्रक्रिया की रफ्तार धीमी
जानकारी के अनुसार, केंद्र सरकार ने भी आधार को लेकर नया गाइडलाइन जारी किया है. जिसके तहत अब आधार कार्डधारी छात्रों को ही मध्याह्न भोजन योजना का लाभ मिलने की बात कही जा रही है .
केंद्र सरकार ने सभी छात्रों का आधार आधार कार्ड बनाने के लिए जून 2017 तक का समय निर्धारित किया है. हालांकि छात्रों के आधार बनाने की प्रक्रिया काफी धीमी गति से चल रही है.राज्य सरकार की ओर से सितंबर माह में विद्यालय में आधार कैंप लगाए गए थे. कैंप में छात्रों का आधार कार्ड बनाना था लेकिन कैंप लगने के बाद भी संबंधित एजेंसियों को आधार कार्ड का लक्ष्य पूरा करने की रफ्तार काफी धीमी रही. पश्चिमी चंपारण जिले के प्रारंभिक विद्यालयों में करीब 7.50 लाख बच्चे नामांकित हैं. सितंबर में संपन्न हुए कैंप में मात्र 1 लाख 12977 छात्रों का ही आधार कार्ड बन सका. ऊंची कक्षाओं में भी कमोबेश यही स्थिति है.
