बेतिया : बेतिया राज की तमाम भूमि पर अतिक्रमण के खेल पिछले कई दशकों से जारी हैं. इस खेल के ऑपरेशन के मद्देनजर विशेष अभियान शुरू कर दी गयी है. जिले के सभी अंचलों में बेतिया राज की भूमि पर अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया आरंभ कर दी गयी है. इसके लिए राज प्रबंधन ने अंचलवार अमीन प्रतिनियुक्त किया है. उक्त प्रतिनियुक्त अमीनों से अंचलवार राज की भूमि से जुड़े कई रिपोर्ट तलब किये गये हैं. सर्वप्रथम तो ये अमीन बेतिया राज की भूमि की सर्वे करेंगे और इस क्रम में नये अतिक्रमणकारियों को चिह्नित करेंगे. इस क्रम में अमीन भूमि के विवरण संबंधी बिंदुवार रिपोर्ट तैयार करेंगे.
बेतियाराज की भूमि पर अतिक्रमण का ऑपरेशन शुरू मुख्य बातें
बेतिया : बेतिया राज की तमाम भूमि पर अतिक्रमण के खेल पिछले कई दशकों से जारी हैं. इस खेल के ऑपरेशन के मद्देनजर विशेष अभियान शुरू कर दी गयी है. जिले के सभी अंचलों में बेतिया राज की भूमि पर अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया आरंभ कर दी गयी है. इसके लिए राज प्रबंधन ने अंचलवार […]

अमीनों को निर्देश दिये गय हैं कि राज की भूमि पर बनाये गये पक्के या कच्चे संरचनाओं के अलावा झोपड़ियों व घेराबंदी की रिपोर्ट में अपनी टिपण्णी दर्ज करेंगे. इतना ही नहीं उक्त भूमि की प्रकार सिंचित, अंसिचित व आवासीय या व्यवसायिक किस्म विवरणी के कालम में लिखेंगे. ताकि इसके हिसाब से उसकी कीमत का अंदाजा लगाया जा सके.
राजस्व विभाग के प्रधान सचिव ने दिया था भूमि सर्वे का आदेश
बेतिया दौरा के क्रम में राजस्व विभाग के प्रधान सचिव केके पाठक ने 17 जुलाई 2017 को राज की भूमि व इसकी धरोहरों का जायजा लिया था और यहां हुए अतिक्रमण को देख वे अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज करायी थी. साथ ही राज की भूमि पर अतिक्रमण की वास्तविक रिपोर्ट से वे संतुष्ट नहीं हुए तो पुन: सर्वेक्षण के लिए अमीन प्रतिनियुक्त करने का आदेश राज व्यवस्थापक को दिया था.
राजस्व पर्षद के पदाधिकारियों के आदेश के आलोक में सभी अमीनों की प्रतिनियुक्ति की गयी है. ताकि विभिन्न तरह की भूमि का ब्यौरा तैयार कर भेजी जा सके और राज की भूमि से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई हो सके.
मृत्युंजय कुमार, व्यवस्थापक, बेतियाराज
भूमि की अवैध बिक्री व लीज का भी होगा खुलासा
खासकर राज व्यवस्थापकों या किसी अन्य पदाधिकारी की ओर से 1997 के बाद यदि राज की भूमि की लीज अथवा बंदोवस्ती की गयी हो उसकी रिपोर्ट भी वे तैयार करेंगे. साथ ही कुछ लोगों की ओर से शिकायतें मिली हैं कि बेतिया राज की भूमि की कतिपय लोगों द्वारा बैनामा खरीद बिक्री की गयी हैं और इतना ही नहीं कुछ अंचलों के माध्यम से उनकी दाखिल-खारिज भी करते हुए मालगुजारी रसीद भी राजस्व कर्मचारियों ने काट दिया है. इस तरह की तमाम भूमि की रिपोर्ट सभी अमीनों से मांगी गयी है. ताकि अतिक्रमणकारियों के खिलाफ अभियान चलाया जा सके. साथ ही अवैध तरीके से हुई खरीद बिक्री का खुलासा हो सके और उक्त बैनामा को रद किया जा सके.